किरन गोसावी मूलरूप से गौतमबुद्धनगर के पोडियम 30 ऐवन्यू 14 टावर डी गौर सिटी-2 का निवासी है। किरन गोसावी के खिलाफ मेरठ के सिविल लाइन थाने में ठगी का मुकदमा है। आरोपी लोगों को विदेश भेजने के नाम पर कई राज्यों में ठगी करता था। मुजफ्फरनगर निवासी रहबर रजा और उसके भाई से दस लाख रुपये की ठगी हो चुकी है। इसके अलावा कंपनी की फ्रेंचाइजी देने की बात कहकर मेरठ में किरन गोसावी कई लोगों से धोखाधड़ी कर चुका है।
आर्यन के साथ फोटो वायरल होने पर खुली पोल
आर्यन के साथ किरन गोसावी का फोटो वायरल होने पर ठगी के शिकार हुए रहबर रजा सप्ताह पहले सिविल लाइन थाने में पहुंच गए। रजा ने बताया कि 26 फरवरी 2020 को उन्होंने धोखाधड़ी का मुकदमा सिविल लाइन थाने में कराया था। पीड़ित ने कहा कि आरोपी डेढ़ साल से मेरठ से वांछित है और वह खुलेआम आर्यन के साथ मुंबई में सेल्फी लेता दिख रहा है। इसकी जानकारी लगते ही सिविल लाइन पुलिस ने किरन गोसावी की तलाश की तो पता चला कि वह पुणे जेल में बंद है।
किरन गोसावी को बी-वारंट पर मेरठ पुलिस लाएगी
एसपी सिटी विनीत भटनागर का कहना कि किरन गोसावी को पुलिस बी-वारंट पर मेरठ लाएगी। आरोपी के बारे में जानकारी जुटाई गई है, जिसमें पता चला कि वह शातिर है और पहले भी लोगों को विदेश भेजने के नाम पर ठगी कर चुका है। ठगी के मामले में वह पुणे की जेल में बंद है। मेरठ पुलिस की एक टीम पुणे भेजी गई थी। बी-वारंट मंजूर होने पर आरोपी से गहनता से पूछताछ होगी।