मऊ/फतेहपुर मंडाव। विकास खंड क्षेत्र के लखनौर गांव के प्रधान को उसके खाते से साढे उनचास हजार रुपया गायब होने की जानकारी हुई। इस दौरान प्रधान बैंक जाकर खाते की जांच किया तो पता चला कि बिना उसकी जानकारी के सचिव ने रुपया निकला है। प्रधान की मांने तो सचिव ने बिना उन्हे संज्ञान में लिए निजी फर्मो का भुगतान करने के लिए डोंगल लगा दिया। प्रधान इस घटना की शिकायत खंड विकास अधिकारी से किए। लेकिन उनकी कोई सुनवाइ नहीं की जा रही।प्रधान की मांने तो वो बीते चार दिनों से ब्लाक का चक्कर लगा रहें है।
लखनौर गांव के प्रधान कृष्णप्रताप मल्ल ने बताया कि गांव में कराए गए विकास कार्यो का पेमेंट करने के लिए सचिव उनसे डोंगल मांगकर ले गए थे। इस दौरान सर्वर में खराबी का होने बात कहकर सचिव ने डोंगल अपने पास रख लिया। प्रधान का आरोप है कि सचिव ने डोंगल लगाकर विकास कार्यों में कराए गए निर्माण का भुगतान तो किया ही, साथ ही 49 हजार पांच सौ रुपये का और भुगतान किया। यह भुगतान विकास खंड मुख्यालय से 22 किलोमीटर दूर स्थित एक निजी फर्म को पांच लाख उनतालिस हजार रुपये का भुगतान करने के लिए डोंगल लगा दिया। इस बात की जानकारी होने पर प्रधान ने जब तक खाते पर रोक लगवाया, खाते से 49,500 रुपये का भुगतान निजी फर्म को ट्रांसफार्मर हो चुका था। बैैंक से स्टेटमेंट लेकर प्रधान इसकी शिकायत करने के लिए खंड विकास अधिकारी के पास गए। वहां सरकारी धन के दुरुपयोग की शिकायत दर्ज कराए, साथ ही मामले की जांच कराने की मांग किया। लेकिन तीनों तक प्रधान के चक्कर लगाने के बाद भी कोई कार्रवाई और सुनवाई ब्लाक पर नहीं की गई। प्रधान की माने तो सचिव मामले को दबाने में जुट गया। इस दौरान उसने उन्हे संपर्क कर रुपया वापस खाते में डालने की बात कही। विभागीय सूत्रों की मानें तो यह खेल ब्लाक स्तर से किया जाता है। इसमें कमीशन तय होने पर डोंगल लगाया जाता है। इसके चलते प्रधान की सुनवाई नहीं की जा रही।