मऊ। रतनपुरा में अनियमित विद्युत आपूर्ति के चलते संपूर्ण क्षेत्र में जनजीवन बेहाल है। भीषण गर्मी एवं उमस के बावजूद विद्युत आपूर्ति बाधित हो रही है। सबसे खराब स्थिति तो नगवा फीडर की है। यहां एक फेस में लाइन रहती है तो दूसरे में नहीं रहती है तो जिसमें रहती है उसमें भी हाफ ही रहती है। किसी तरह दीये की तरह जलते बल्ब के लाल तार ही दिखाई देते हैं। भीषण गर्मी में अनियमित विद्युत आपूर्ति से जलापूर्ति विद्युत व्यवस्था चरमरा गई है। गर्मी से बेहाल लोग विभागीय उदासीनता को कोस रहे हैं।
जनता की आवाज कोई सुनने वाला नहीं है। विद्युत आपूर्ति की दुर्व्यवस्था के चलते जहां एक तरफ दिन में जनजीवन बेहाल है, रात को आंखों की नींद हराम है। वहीं दूसरी तरफ किसान बुनकर व्यापारी एवं छात्र भी विद्युत दुर्व्यव्स्था के चलते अपना कार्य समुचित रूप से नहीं कर पा रहे हैं। जनता की इस समस्या से विद्युत विभागीय अधिकारी कर्मचारी पूरी तरह लापरवाह एवं उदासीन बने हुए हैं। बरसात न होने से खेतों में धान की फसल सूख रही है। महंगा डीजल किसानों के लिए सिंचाई में बाधक है और विद्युत व्यवस्था के चलते नलकूप भी नहीं चल पा रहे हैं।
खेतों में सूखती फसल देख किसान खून के आंसू रोने को मजबूर हैं, सूखी नहरें भी किसानों को निराश कर रही हैं। जहां एक तरफ शासन द्वारा किसानों की आय दोगुनी करने के लिए तमाम तरह की घोषणा की जा रही है परंतु यथार्थ के धरातल पर किसान प्रकृति एवं प्रशासन की चक्की में पिस रहे हैं। इस भीषण समस्या की तरफ जनप्रतिनिधियों की निगाह भी नही जा रही है। किसान अरविंद कुमार श्रीवास्तव उर्फ राजू, ब्रज भूषण सिंह, प्रमोद चौहान, राम विलास राजभर, व्यापारी राजेश कुमार वर्मा, बुनकर गयासुद्दीन ने संबंधित शासन और प्रशासन का ध्यान आकृष्ट करते हुए विद्युत व्यवस्था में अभिलंब सुधार करने की मांग की है।