मऊ। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के स्थापना दिवस पर शस्त्र पूजन का कार्यक्रम स्वयंसेवकों की ओर से रामस्वरुप भारती इंटर कालेज के परिसर में शुक्रवार को आयोजित किया गया।
इस दौरान मुख्य वक्ता विभाग प्रचारक श्रीप्रकाश ने कहा कि विजयदशमी को ही श्रीराम ने रावण का वध किया था। यह विजय किसी अधर्म पर धर्म की विजय है। आरएसएस इसे उत्सव के रूप में मनाता है। कहा कि व्यक्ति को शक्ति के साथ विनम्र व सहनशील होना चाहिए। हिंदू कभी किसी का अहित नहीं सोचता है, लेकिन हिंदू समाज को तोड़ने के लिए कुछ लोग आज भी प्रयत्नशील हैं। हिंदू संस्कृति सबके सुख के लिए कार्य करती है। चार वर्ष बाद सन 2025 में संघ अपना शताब्दी वर्ष मनाने जा रहा है। उस समय तक भारत के सभी गांव व नगर में प्रत्येक घर से एक स्वयंसेवक बनाने का लक्ष्य है। इसके लिए सभी स्वयंसेवक प्रत्येक हिंदू घर तक संपर्क करेंगे और संघ की हिंदू विचारधाराओं को बताएंगे। जिस दिन भारत का प्रत्येक नागरिक संघ के विचारों को जान लेगा और स्वयं सेवक बन जाएगा उसी दिन भारत को विश्व, विश्व गुरु मानकर मार्गदर्शन की कामना करने लगेगा। इस अवसर पर नगर संघचालक बालकृष्ण थरड, अध्यक्ष लक्ष्मण प्रसाद, जिला प्रचारक राजीव नयन , नगर प्रचारक प्रवीण, राहुल, संपर्क प्रमुख राजेश, सेवा प्रमुख अरविंद, चंद्रापीड, विशाल, रूपेश देवेंद्र मोहन, किशन रहे।