पुलिस की पूछताछ में पकड़े गए अम्मार ने बताया कि फ्लैश ऑफर सेल की मोबाईल अपने खाते के एटीएम व इंटर नेट बैंकिग यपीआई के माध्यम से एवं कभी-कभी एचएसबी ग्रुप द्वारा प्रदान किये गये विभिन्न बैंको के वर्चुवल कार्ड नंबरों व ओटीपी द्वारा खरीददारी कर लेते हैं।
अम्मार ने बताया कि इन मोबाईलों को बेचकर निर्देशानुसार एचएसबी ग्रुप के बताये गये खाते में रुपये डाल देते हैं। पुलिस अम्मार के बताने पर मिर्जाहादीपुरा मुहल्ला निवासी नीतीश गुप्ता की दुकान श्रेया मोबाईल पर पहुंची तो वहां नितीश मिला।
पुलिस ने जांच पड़ताल की उसके रजिस्टर और दुकान में उपलब्ध सामान का मिलान किया तो दुकानदार 15 विभिन्न मोबाइल कंपनियों के बिल नहीं दिखा सका। एसपी ने बताया कि कुछ लोगों को एचएसबी नामक वाट्सएप ग्रुप है जो विभिन्न मोबाईल कंपनियों का आम जनता के लिये फ्लैश ऑफर सेल की मोबाइलों को धोखाधड़ी कर अपने ग्रुप के सदस्यों से भिन्न-भिन्न स्थानों का पता दिखाकर खरीद लेते हैं और इन मोबाइल को अपने खास दुकानदारों को बेचकर भारी लाभ कमाते हैं।
पुलिस अधीक्षक घुले सुशील ने बताया कि एचएसबी वाट्सएप ग्रुप से जुड़े जालसाजों ने मध्यप्रदेश के बालाघाट कोतवाली में भी ऑनलाइन ठगी की है इस बारे में बालाघाट कोतवाली में पहले से मुकदमा दर्ज है। पुलिस ने दोनों के विरुद्ध संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर चालान कर दिया।