मथुरा। करोड़ों की छात्रवृत्ति घोटाले के बाद भी शिक्षण संस्थाएं छात्रवृत्ति के मामले में लापरवाही बरत रही है। शासन तथा विभाग द्वारा कई दफा मौका दिए जाने के बाद भी 226 उच्च शिक्षण संस्थाओं ने मास्टर डाटा लॉक करने के बाद समाज कल्याण विभाग में अभिलेख जमा नहीं किए हैं। इन संस्थाओं के लिए शासन ने 9 नवंबर तक का समय दिया है। जबकि विभाग में अभिलेख जमा करने के लिए आज ८ नवंबर ही आखिरी मौका होगा।
जनपद में कुल 562 उच्च शिक्षण संस्थाएं हैं, जिनमें से 122 शिक्षण संस्थाओं ने पूर्व ही मास्टर डाटा लॉक कर विभाग को अभिलेख सौंप दिए थे लेकिन 440 उच्च शिक्षण संस्थाओं द्वारा बाद में मास्टर डाटा लॉक किया गया, जिनमें से 194 शिक्षण संस्थाओं ने तो समाज कल्याण विभाग को छात्रवृत्ति के आवेदन करने वाले छात्रों की फीस और सीट संबंधी अभिलेख सौंप दिए, लेकिन बाकी 246 द्वारा कोई भी अभिलेख विभाग को नहीं सौंपा गया। जिसकी जानकारी विभाग ने शासन को दे दी है। शासन ने इस संबंध में ऐसी उच्च शिक्षण संस्थाओं को 9 नवंबर तक का मौका दिया है।
छात्रवृत्ति के आवेदन के लिए छात्रों का विवरण देने वाला मास्टर डाटा लॉक करना था। इनमें से अभी तक सिर्फ १९४ शिक्षण संस्थाओं ने मास्टर डाटा लॉक किया है। बाकी ने मास्टर डाटा तो लॉक किया ही नहीं बल्कि इससे पूर्व छात्रवृत्ति पाने वाले छात्रों की फीस और सीट के विस्तृत जानकारी संबंधी अभिलेख अभिलेख समाज कल्याण विभाग में जमा नहीं किए हैं।
शासन ने विद्यालयोें की इस लापरवाही को गंभीरता से लिया है और उन्हें मात्र 9 नवंबर तक का समय दिया है। जिलाधिकारी नवनीत सिंह चहल ने बताया कि 9 नवंबर तक मास्टर डाटा से संबंधित जानकारी समाज कल्याण विभाग को नहीं दी तो फिर मौका नहीं दिया जाएगा।