थाने पर आने वाले साइबर अपराध से पीड़ित व्यक्तियों को त्वरित कार्रवाई के माध्यम से सहायता प्रदान करना, फ्रॉड होने पर हैकर की आरोपी की खाते को सीज कराना, सोशल मीडिया संबंधी शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई करना, थाने पर सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम के अंतर्गत पंजीकृत अभियोगों के विवेचकों को तकनीकी सहायता प्रदान करना, साक्ष्य संरक्षण, साक्ष्य विश्लेषण एवं साक्ष्य संकलन करना, साइबर अपराध से संबंधित प्राप्त प्रार्थना पत्र की जांच कर मुकदमा दर्ज करना होगा।
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साथ ही साइबर अपराध में संलिप्त, प्रयुक्त मोबाइल फोन के आईएमईआई नंबर, फर्जी नाम, आईडी पर खोले गए बैंक खातों में दिए गए मोबाइल नंबर को ब्लॉक कराने की कार्रवाई करेंगे। लोगों को जागरूक करने को अभियान भी चलाएंगे। एसपी क्राइम अवनीश मिश्रा ने बताया कि साइबर थाने के लिए जमीन चिन्हित कर ली गई है। प्रयास है कि जल्द से जल्द साइबर थाना खोल दिया जाए। ताकि साइबर संबंधी अपराध के मुकदमे यहां दर्ज हो सकें।