दिल्ली कड़कड़डूमा मेट्रो स्टेशन पर पत्नी और ससुर पर गोलियां बरसाने वाले व्यक्ति ने खुद भी फंदा लगाकर जान दे दी। बुधवार सुबह उसकी लाश मुरादनगर रेलवे स्टेशन के पास पेड़ पर लटकी मिली। उसकी जेब से मिली पर्ची से उसकी शिनाख्त हुई।
बुधवार तड़के करीब सात बजे रेलवे स्टेशन अधीक्षक मुन्ना खां ने पेड़ पर लटकती लाश देखकर पुलिस को बुलाया। पुलिस ने शव नीचे उतारकर तलाशी ली तो जेब से एक कागज मिला। उस पर पवन कुमार निवासी खजूरवाली गली अरविंदनगर घोड़ा न्यू उस्मानपुर दिल्ली लिखा था।
दिल्ली पुलिस से संपर्क साधने के बाद उसकी शिनाख्त पवन (30) के रूप में हुई। इसी पवन ने 26 मार्च को कड़कड़डूमा मेट्रो स्टेशन पर अपनी पत्नी दीप्ति (27) और ससुर भीष्म दास सिंह (57) निवासी चिराग दिल्ली पर ताबड़तोड़ गोलियां चलाई थीं। घायल दीप्ति को डॉ. हेडगेवार अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत बता दिया। जबकि भीष्म दास की हालत गंभीर है। गोलीबारी के बाद पवन मौके पर बंदूक और कार छोड़कर भाग गया था।
मुरादनगर पुलिस का मानना है कि पवन दिल्ली में वारदात को अंजाम देने के बाद पुलिस से बचता हुआ ट्रेन से मुरादनगर पहुंचा होगा और यहां पेड़ से लटककर अपनी जान दे दी। एसओ एपी सिंह का कहना है कि मृतक की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी मौत का कारण दम घुटना ही आया है। मामला दिल्ली से जुड़ा है इसके चलते पोस्टमार्टम रिपोर्ट दिल्ली भेज दी जाएगी।
प्लास्टिक की रस्सी से लगाई फांसी
पवन ने लाल कलर की प्लास्टिक की साढ़े तीन मीटर लंबी रस्सी से फंदा बनाया था। पुलिस ने रस्सी और उसकी जेब से मिले तीन सौ रुपये और एक पेन कब्जे में ले लिया है।
पवन के पिता ने की शिनाख्त
पवन के पिता कर्ण सिंह ने मौके पर पहुंचकर उसकी शिनाख्त की थी। उनके साथ दिल्ली पुलिस भी पहुंची थी। पिता ने बताया कि पवन काफी समय से बेरोजगार था और पत्नी दीप्ति को वापस लाना चाहता था लेकिन दीप्ति ने वापस ससुराल आने से मना कर दिया था।