श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की तैयारियां तेज हो र्गई है। मंदिरों की साफ-सफाई के साथ झांकियां सजाने की व्यवस्था में लोग लगे हैं। भगवान कृष्ण का जन्मोत्सव के आयोजन की चहल-पहल बाजारों में भी दिखने लगी है।
भगवान श्रीकृष्ण का जन्मोत्सव भादों मास की अष्टमी तिथि पर मनाया जाता है। इस बार यह तिथि 25 अगस्त को पड़ रही है। श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर लोग मंदिरों के अलावा घरों में भी झांकियां सजाते हैं। इस बार भी लोग इसकी तैयारी में जुट गए हैं। कुम्हार मंडी और बाजारों में मूर्ति विक्रेताओं के यहां दिनभर खरीदारों की भीड़ लगी रहती है। पिछले वर्ष के मुकाबले इस बार मिट्टी की प्रतिमाओं की भी कीमतें बढ़ीं हैं। कुछ लोग पीतल और चांदी की भी मूर्तियां खरीद रहे हैं। सजावट के सामान की भी जमकर खरीददारी की जा रही है। वहीं, शहर के श्री भीमसेन मंदिर, बाबा रघुवीर दास जी मंदिर, दाऊ जी मंदिर, पवनसुत मंदिर, बिहारी जी मंदिर, श्री एकरसानंद आश्रम, रेलवे स्टेशन स्थित श्रीराधा-कृष्ण मंदिर, करहल रोड स्थित श्री द्वारिकाधीश मंदिर में जन्माष्टमी की तैयारी जारी हैं। जन्माष्टमी पर्व पर पुलिस ने भी अपनी तैयारियां पूरी कर ली है। एसपी देवरंजन वर्मा ने बताया कि धर्मस्थल, बाजार, बस अड्डे, रेलवे स्टेशन समेत अन्य सार्वजनिक स्थानों पर विशेष चौकसी बरती जा रही है।
मुकुट, बांसुरी, कृष्ण के कपड़ों पर महंगाई की मार
मैनपुरी। जन्माष्टमी पर्व पर भगवान श्रीकृष्ण की प्रतिमाएं, कपड़े, मुकुट, माला, बांसुरी पर भी इस बार महंगाई की मार पड़ी है। इन सामानों की कीमतों में इस साल पिछले वर्ष से 20 से 30 फीसदी तक उछाल आया है। भगवान श्रीकृष्ण की मूर्तियां 50 रुपये से लेकर हजारों रुपये तक की मिल रही है। इन मूर्तियों में मिट्टी, प्लास्टर आफ पेरिस, पीतल, सोने, चांदी, कांच की मूर्तियां शामिल हैं। दुकानदार राम किशोर ने बताया कि भगवान की पोशाक 50 से 200 रुपये, मुकुट 12 से 100 रुपये, माला 15 से 75 रुपये, पालना 60 से 100 रुपये, बिस्तर 40 से 150 रुपये, बांसुरी पांच रुपये से 70 रुपये तक की हैं।