उनके नाम पर बैंकों और फाइनेंस कंपनियों से लोन करा लिया था। इस मामले में शहर कोतवाली में भी केस भी दर्ज है। इसके बाद दुकान को बंद कर दिया। फिर फर्जी तरीके से हिंदुस्तान दंत मंजन के नाम से कंपनी खोली, उसे कुछ दिन चलाने के बाद बंद कर दिया। 2019 में मिस इंडिया प्रतियोगिता की तैयारी कराने के नाम पर देशभर की कई लड़कियों से पैसों की ठगी की। इसके बाद एक राजनीतिक दल भी बनाया। इसमें भी लोगों को जोड़ने के नाम पर पैसे ऐंठने लगा। इसके बाद नेशनल एंटी करप्शन क्राइम ब्यूरो के नाम से संस्था संचालित की। इसका भय दिखाकर लोगों को धमकाने और ठगने लगा।
2023 में घिरोर बाईपास पर खोला भर्ती प्रशिक्षण केंद्र
अरविंद पांडेय ने 2023 में घिरोर बाईपास पर भी एक प्रशिक्षण केंद्र खोला था। इस केंद्र को कुछ दिन संचालित किया। मगर, यहां पानी भर गया। इसके चलते उसे नुकसान हुआ और केंद्र को बंद कर दिया।
सुमित्रा को पहले ठगा फिर दूसरी पत्नी बनाया
पुलिस पूछताछ में अरविंद और सुमित्रा के संबंधों का भी खुलासा हुआ। सुमित्रा ने पुलिस को बताया कि 2023 में वह घिरोर सेंटर पर सेना भर्ती की तैयारी के लिए अरविंद के सेंटर से जुड़ी थी। वहां उसने तैयारी की। मगर, नौकरी नहीं लगी। इसका अरविंद से विरोध किया और उसकी ठगी का खुलासा किया। इसके बाद अरविंद ने उसे अपने केंद्र में ही नौकरी दे दी। दोनों की बाद में नजदीकी बढ़ी और मंदिर में प्रेम विवाह भी कर लिया। सुमित्रा की उम्र 21 साल और अरविंद की उम्र 40 वर्ष से अधिक है।
परिवार नहीं रखता अरविंद से नाता
पुलिस को अरविंद ने बताया है कि उसके परिवार में चार बहन, एक भाई और वह खुद है। इसके अलावा माता-पिता, पत्नी निधि व दो बच्चे हैं। माता-पिता, भाई और बहन ने उससे नाता तोड़ रखा है।
प्रशिक्षण लेने वाले युवाओं को दाखिले पर देता था कमीशन
अरविंद पांडेय का काम युवाओं को सिर्फ यूट्यूब पर ही झांसे में लेकर ठगने का नहीं था। बल्कि वह केंद्र में प्रशिक्षण ले रहे युवाओं के जरिए भी अन्य युवाओं से जुड़ता था। उनके जरिए युवाओं को बुलाता था। सेंटर विजिट की फीस 2150 रुपये तय कर रखी थी। अगर, कोई व्यक्ति प्रशिक्षण लेने के लिए हामी भरता तो वह उनसे प्राप्त होने वाली फीस बतौर धनराशि में से संबंधित युवाओं को लाने वाले प्रशिक्षुओं को भी कमीशन देता था।
गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी पुलिस
पुलिस इस मामले में गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी है। निधि यादव से फरीदाबाद जाकर भी पूछताछ करेगी। इसके अलावा सुमित को भी तलाश जाएगा। गिरोह में कई और लोगों के भी जुड़े होने के सुराग पुलिस को मिले हैं, उन तक भी पुलिस पहुंच बनाने में लगी है।
पूर्व सैनिकों को किया था सम्मानित
अरविंद पांडेय की करतूत पर किसी को शक न हो और सेना के बारे में अधिक से अधिक जानकारी प्राप्त हो सके, इसके लिए वह पूर्व सैनिकों के संपर्क में भी रहता था। किशनी में ही पिछले दिनों उसने पूर्व सैनिकों को सम्मानित किया था।
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