कबरई (महोबा)। बांदा और कानपुर मार्ग में बिना रॉयल्टी ट्रक निकलवाने का धंधा धड़ल्ले से चल रहा है। रात में एक बजे के बाद चार पहिया वाहन में ट्रकों के आगे-आगे चलकर मोबाइल से ट्रक चालकों को सूचना दी जाती है। जिससे बांदा कानपुर रोड में यह रैकेट बैरियर संचालकों की सांठगांठ से काम कर रहा है। इससे सरकार को प्रतिदिन लाखों रुपये का नुकसान हो रहा है। सोमवार की रात को कबरई पुलिस ने बांदा रोड पर दबिश देकर इस कारोबार में जुड़े आठ लोगों को गिरफ्तार कर लिया और उनके चार पहिया वाहन जब्त कर लिए।
कबरई क्रशर मंडी में 3,000 से अधिक ट्रक गिट्टी लेकर कानपुर, लखनऊ, इलाहाबाद की ओर प्रतिदिन आते-जाते हैं। मंडी में वैध पहाड़ों की संख्या घटने के कारण रॉयल्टी की मारामारी बढ़ गई है। एक-एक ट्रक के लिए रॉयल्टी 8,000 से 9,000 रुपये के बीच पड़ती है। कस्बे के कुछ युवक प्रतिदिन देर रात ट्रकों के आगे पीछे लग्जरी गाड़ियां लगाकर मोबाइल से लोकेशन लेते हुए बिना रॉयल्टी महोबा जिले की सीमा से ट्रक बाहर निकलवा देते हैं। यह गोरखधंधा पिछले कई माह से चल रहा है।
पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर बांदा रोड पर रात में छापा मारकर गिट्टी से भरे ट्रकों के आगे पीछे चल रहे आठ युवकों को वाहन सहित गिरफ्तार कर लिया। इससे पत्थर मंडी में हड़कंप मच गया। थानाध्यक्ष अशोक कुमार सिंह ने बताया कि तीन लग्जरी गाड़ियां जब्त कर ली गईं हैं। आठ लोगों को गिरफ्तार कर पूछताछ की जा रही है।
बिना रॉयल्टी के ट्रक निकलवाने वाले आठ युवक गिरफ्तार