उत्तर प्रदेश के बांदा जिले में एक मदरसे में फेसबुक के इस्तेमाल को रोकने के लिए छात्रों के मल्टीमीडया फोन इस्तेमाल करने पर बैन लगा दिया गया है। मदरसा प्रबंधन ने छात्रों से मल्टी मीडिया मोबाइल फोन जब्त कर आग में नष्ट कर दिए।
मदरसा जामा अरबिया हथौरा के छात्रों में फेसबुक के बढ़ रहे इस्तेमाल को लेकर यह फैसला किया गया है। अब यहां छात्र केवल सादे मोबाइल फोन ही रख सकेंगे।
हथौरा मदरसे में बड़ी संख्या में छात्र धार्मिक तालीम हासिल कर रहे हैं। इनमें देश के विभिन्न सूबों के करीब 2300 छात्र रहते हैं।
अपने परिजनों से संपर्क बनाए रखने के लिए उन्हें साधारण मोबाइल फोन रखने की इजाजत है, लेकिन कुछ छात्रों ने चोरी-छिपे मल्टी मीडिया मोबाइल फोन इस्तेमाल करना शुरू कर दिया है।
मदरसा प्रबंधन को इसकी इसकी भनक लगने पर मदरसा मुखिया मौलाना कारी हबीब अहमद ने मदरसा के सभी शिक्षकों के साथ बैठक कर इस मामले में विचार-विमर्श किया।
मौलाना अनीसुर्रहमान ने कहा कि कुछ तलबा (छात्र) फेसबुक का इस्तेमाल कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि काश! इस सोशल वर्किंग वेबसाइट का बेहतर मकसद के लिए इस्तेमाल होता।
मौलाना अनीस इलाहाबादी ने कहा कि मोबाइल पर अश्लील वीडियो दिखाए जा रहे हैं। देर तक मंथन के बाद बैठक में आमराय से फैसला लिया गया कि मदरसे का हर टीचर अपने-अपने तलबा पर कड़ी नजर रखे। कोई भी तलबा मल्टी मीडिया मोबाइल फोन नहीं रखेगा।
बाद में छानबीन के दौरान कई छात्रों के पास मल्टी मीडिया मोबाइल फोन मिले, जिन्हें जब्त कर लिया गया। कुछ छात्रों ने स्वेच्छा से अपने यह फोन टीचर्स के हवाले कर दिए। छात्रों ने इन मल्टी मीडिया मोबाइल फोनों को खुद ही आग के हवाले कर दिया।
छात्रों से कहा गया है कि वह सादे मोबाइल फोन रखें और उसका सही इस्तेमाल करें। बैठक में मौलाना गयासुद्दीन धामपुरी, मुफ्ती शोएब, मौलाना सालेह, कारी अब्दुल हफीज, कारी अबु हुरैरा, कारी शरीफ आदि शरीक रहे।
''यह अफसोसनाक है कि बच्चे मल्टी मीडिया फोन का बेजा इस्तेमाल करके पढ़ाई से मिले खाली वक्त में नाजायज और गैर शरई तस्वीरें और वेबसाइट देखते हैं। इससे समाज में बुराइयां पैदा हो रही हैं। मोबाइल का गलत इस्तेमाल समाज को बिगाड़ने में अहम भूमिका अदा कर रहा है।''
- मदरसा मुखिया मौलाना कारी हबीब अहमद