ललितपुर। थाना बालाबेहट के ग्राम महोली में प्रधान के बेटे की बृहस्पतिवार देर रात को अमझरा घाटी के पास हाईवे पर स्थित एक ढाबे पर पार्टी मनाने गए साथियों ने साजिश के तहत गोली मारकर हत्या कर दी। परिजनों ने ग्राम पंचायत चुनाव की पुरानी रंजिश के चलते हत्या के आरोप लगाए हैं। पुलिस ने तीन नामजद आरोपियों के खिलाफ हत्या की धारा में रिपोर्ट दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
थाना बालाबेहट के ग्राम महोली निवासी कौशलेंद्र प्रताप सिंह (30) की मां राजेश राजा वर्तमान में ग्राम प्रधान हैं। वह प्रधान प्रतिनिधि था और मां के प्रधानी कार्यों में मदद करता था। बृहस्पतिवार को दिन में वह मुख्यालय किसी काम से गया था। शाम को अपनी स्कॉर्पियो से नाराहट क्षेत्र के रिश्तेदार ग्राम डोंगराखुर्द निवासी दीपेंद्र सिंह उर्फ दीपू राजा को गांव छोड़ने गया था। इसी दौरान वह गौना तिराहे के आगे अमझरा घाटी के पास स्थित एक ढाबे पर पहुंच गया। वहां उसका भतीजा शुभम व छह सात अन्य साथी भी पहुंच गए।
थाना बालाबेहट क्षेत्र के ग्राम पठराई निवासी अरविंद सिंह और ग्राम उमरिया निवासी साहब सिंह भी मोटरसाइकिल से वहां पहुंच गए। ढाबे में खाना खाने के बाद कौशलेंद्र रात में करीब पौने बारह बजे अपनी गाड़ी में चालक वाली सीट पर जाकर बैठ गया। वहीं उसके बगल वाली सीट पर दीपू राजा 315 बोर की बंदूक लिए बैठा था। इनके साथ पीछे की सीट पर साथी राहुल राजा बैठा था और सबसे पीछे की सीट पर वीरेंद्र सहरिया बैठा था। गाड़ी से कुछ ही दूरी पर अलाव जल रहा था, जहां चंद्रप्रताप एवं शिवम बैठे अलाव ताप रहे थे।
इसी बीच अरविंद राजा ने गाड़ी का गेट खोलकर कौशलेंद्र पर फायर कर दिया। आवाज सुनकर उसका भतीजा शिवम एवं चंद्रप्रताप दौड़कर गाड़ी के पास पहुंचे, जहां उन्होंने अरविंद सिंह, साहब सिंह एवं दीपू राजा को बंदूक लिए हुए देखा। साथ ही कौशलेंद्र गोली लगने से खून से लथपथ अवस्था में गाड़ी में पड़ा हुआ था। उन दोनों ने तत्काल घायल कौशलेंद्र को गाड़ी में पीछे रखा और जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां परीक्षण उपरांत चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। जानकारी लगने पर तत्काल पुलिस के आला अधिकारी जिला अस्पताल पहुंच गए और थानाध्यक्ष नाराहट जय प्रकाश चौबे ने घटनास्थल पर पहुंचकर घटना की जानकारी जुटाई।
एसओजी टीम भी मौके पर पहुंच गई और आरोपियों की तलाश में जुट गई। मृतक के भाई पुष्पेंद्र सिंह की तहरीर के आधार पर नाराहट पुलिस ने तीनों हत्यारोपियों दीपेंद्र सिंह उर्फ दीपू राजा, अरविंद सिंह एवं साहब सिंह के खिलाफ हत्या व षड़यंत्र की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
पिता की हो चुकी है मौत, दो भाइयों में बड़ा था कौशलेंद्र
मृतक के चचेरे भाई इंद्रप्रताप ने बताया कि कौशलेंद्र बृहस्पतिवार को कंप्यूटर की दुकान पर काम से गया था। इसके बाद शाम को रिश्तेदार को छोड़ने गया था। इसी दौरान वह खाना खाने गौना तिराहा के आगे ढाबे पर चला गया। जहां अरविंद सिंह ने अन्य साथियों के साथ मिलकर गोली मारकर कौशलेंद्र की हत्या कर दी। मृतक की एक बेटी व एक बेटा है और वह दो भाइयों में बड़ा था। पिता गजेंद्र सिंह अब नहीं हैं।
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ग्राम महोली निवासी कौशलेंद्र अपने सात-आठ साथियों के साथ नाराहट क्षेत्र के मंगलम ढाबे पर खाना खाने गया था। जहां कौशलेंद्र को गोली मारी गई है, जिस पर उसके कुछ साथी उसे जिला अस्पताल ले गए, जहां उसकी मौत हो गई। मृतक के भाई की तहरीर पर तीन नामजद आरोपियों के खिलाफ हत्या व षड़यंत्र की धारा में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। जांच की जा रही है, जो भी तथ्य सामने आएंगे उसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
गिरजेश कुमार, अपर पुलिस अधीक्षक।