मध्यप्रदेश के गांव खिमलासा के मचरा नमेठी निवासी लक्ष्मण अपने परिवार के साथ बहन के गांव भड़यावारा में आकर रहता है। बीते देर रात उसकी 12 वर्षीय बेटी प्रियंका को उल्टी दस्त होने लगे। एंबुलेंस प्रियंका को लेकर अस्पताल जा रही थी। इस दौरान रास्ते में उसने दम तोड़ दिया।
ललितपुर के जाखलौन की ग्राम पंचायत भारोंन के मजरा भड़याबारा में डायरिया की चपेट में आकर 12 वर्षीय किशोरी की मौत हो गई। घटना की जानकारी पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गांव पहुंचकर ग्रामीणों को साफ सफाई के लिए जागरूक करने के साथ ही दवा वितरित की। डॉक्टर ने बासा खाना न खाने की सलाह दी।
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जानकारी के मुताबिक, मध्यप्रदेश के गांव खिमलासा के मचरा नमेठी निवासी लक्ष्मण अपने परिवार के साथ बहन के गांव भड़यावारा में आकर रहने लगा। वह मेहनत मजदूरी कर परिवार का भरण पोषण कर रहा था। बीते देर रात उसकी 12 वर्षीय बेटी प्रियंका को उल्टी दस्त होने लगे। परिजन सुबह का इंतजार करते रहे। गुरुवार को सुबह सूचना पर एंबुलेंस गांव पहुंची और प्रियंका को लेकर मेडिकल कॉलेज ललितपुर के लिए चल दी। रास्ते में अमौखेड़ा गांव के निकट पुल पर नाले का पानी आ जाने से रास्ता बंद हो गया। नतीजतन चालक एंबुलेंस को रोककर पानी कम होने का इंतजार करने लगा।
इसी बीच उसकी हालत और बिगड़ने लगी तो चालक धौर्रा पीएचसी पर उसे लेकर पहुंचा। जहां डॉक्टर ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। घटना से परिजनों का कोहराम मच गया। इधर, जानकारी पर डॉक्टर की टीम ने गांव पहुंचकर अन्य लोगों को दवा वितरित कर साफ सफाई के लिए जागरूक किया। डॉक्टर ने कहा कि हैंडपंप के आसपास साफ सफाई का ध्यान रखें यदि पानी को उवालकर ही पीए।