फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Lalitpur News: फसल नुकसान का सर्वे अधूरा, रिपोर्ट में लगेंगे दो दिन और

विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

ललितपुर। बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से हुए फसल नुकसान का आकलन अभी तक पूरा नहीं हो सका है। प्रशासन के अनुसार सर्वे कार्य में दो दिन और लगेंगे, जिसके बाद रिपोर्ट तैयार कर शासन को भेजी जाएगी। वहीं, बीमा कंपनी के अनुसार अब तक 33 हजार किसानों ने शिकायत दर्ज कराई है, जिनके आधार पर सर्वे किया जा रहा है। सर्वे रिपोर्ट मिलने के बाद ही बीमा लाभ दिया जाएगा।
एडीएम वित्त एवं राजस्व अंकुर श्रीवास्तव ने बताया कि सर्वे कार्य में कृषि विभाग, राजस्व विभाग और बीमा कंपनी की टीमें लगातार जुटी हुई हैं। अब तक आंशिक रिपोर्ट मिल चुकी है, जिसे संकलित किया जा रहा है। कोशिश की जा रही है कि कोई भी पीड़ित किसान सूची से छूट न जाए।
विज्ञापन

बता दें कि 20 मार्च को तेज हवाओं के साथ हुई बारिश और ओलावृष्टि से सदर, पाली, महरौनी और तालबेहट तहसील के कई गांवों में गेहूं की फसल को भारी नुकसान हुआ था। कई स्थानों पर खड़ी फसल गिर गई, जबकि कटी हुई फसल पानी में भीगने से खराब हो गई, जिससे दानों में नमी और पीलापन आ गया है।
देवगान गांव में सबसे अधिक नुकसान बताया जा रहा है। यहां के किसान अपनी समस्या लेकर डीएम आवास तक पहुंच चुके हैं। जिलाधिकारी सत्यप्रकाश ने 72 घंटे के भीतर सर्वे रिपोर्ट देने के निर्देश दिए थे। इसके लिए कृषि विभाग के 42 कर्मियों, राजस्व विभाग के अधिकारियों सहित 145 लेखपालों और बीमा कंपनी की टीमों को लगाया गया, लेकिन सोमवार तक नुकसान का पूरा आकलन नहीं हो सका।

गिरी फसल में बढ़ी नमी
कृषि वैज्ञानिक दिनेश कुमार तिवारी के अनुसार, जो फसल खड़ी रही उसमें नुकसान कम है, लेकिन जो फसल जमीन पर गिर गई या कटी हुई खेत में पड़ी रही, उसमें पानी भरने से नमी बढ़ गई है, जिससे गुणवत्ता प्रभावित होगी।
विज्ञापन


दो दिन में रिपोर्ट भेजने का दावा
फसल नुकसान के आकलन के लिए सभी टीमों को सक्रिय किया गया है। लेखपालों को निर्देश दिए गए हैं कि हर प्रभावित किसान का विवरण सूची में शामिल किया जाए। दो दिन में सर्वे पूरा कर रिपोर्ट शासन को भेज दी जाएगी।
- अंकुर श्रीवास्तव, एडीएम
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें