प्रमुख सचिव ने एक दिन पहले किया था दौरा, दूसरे दिन ही पुराने ढर्रे पर लौटे केंद्र प्रभारी
पीसीयू ने अब तक हैंडलिंग ठेकेदार नियुक्त नहीं किए, पीसीएफ के केंद्रों पर भी अधूरी तैयारी
लखीमपुर खीरी। खाद्य एवं रसद विभाग की प्रमुख सचिव वीना कुमारी मीणा के निर्देश के बावजूद दूसरे दिन भी क्रय केंद्रों के गोदामों में भरे धान को हटाया नहीं जा सका, बल्कि बुधवार को कई क्रय केंद्रों ने धान के स्टॉक को बाहर ही खुले आसमान के नीचे रखवाया है।
जनपद में सरकारी धान खरीद का जायजा लेने के लिए खाद्य एवं रसद विभाग की प्रमुख सचिव वीना कुमारी मीणा ने मंगलवार को राजापुर मंडी का दौरा किया था, जिस दौरान उन्होंने क्रय केंद्रों के गोदाम भरे होने पर नाराजगी जताई थी और शाम चार बजे तक गोदाम खाली कराने के निर्देश दिए थे। बावजूद इसके दूसरे दिन बुधवार को भी गोदामों को खाली नहीं कराया जा सका, बल्कि अब धान को आसमान के नीचे खुले में रखवाया जा रहा है। इससे अचानक बारिश होने पर धान को नुकसान पहुंचने की आशंका बनी हुई है। हालांकि केंद्र प्रभारियों ने तिरपाल की व्यवस्था होने का दावा किया है।
गोदाम खाली न कराने की बावत केंद्र प्रभारियों ने अपनी समस्या बताई कि हैंडलिंग ठेकेदार नियुक्त न होने से संबद्घ राइस मिल तक धान की ढुलाई नहीं हो पा रही है। धान खरीद शुरू हुए एक माह बीतने को है, लेकिन ठेकेदारों की नियुक्ति न किए जाने से अधिकारियों की मंशा पर ही सवाल उठ रहे हैं।
पीसीयू के जिला प्रबंधक पंकज सिंह ने बताया कि हैंडलिंग ठेकेदारों की नियुक्त लखनऊ स्थित मुख्यालय से की जानी है, जहां पर टेंडर प्रक्रिया चल रही है। वहीं पीसीएफ के जिला प्रबंधक अंकुर कंचन ने बताया कि परिवहन ठेकेदार की नियुक्ति हो गई है, लेकिन हैंडलिंग ठेकेदार नियुक्त नहीं किए गए हैं। उन्होंने बताया कि समितियों को हैंडलिंग का कार्य सौंपा गया है।
30 राइस मिलों का हुआ संबद्घीकरण
जनपद में कुल 48 राइस मिलें हैं, जिनमें से 30 राइस मिलों का संबद्घीकरण धान क्रय केंद्रों से हो पाया है। कुल 150 क्रय केंद्र खोले गए हैं, जिनमें से 110 क्रय केंद्रों पर ही 454 किसानों से धान खरीद हुई है। धान खरीद धीमी होने के कारणों में राइस मिलों से संबद्घीकरण में हो रही देरी प्रमुख समस्या बनी है।
डीएम की मनाही के बावजूद धान की लग रही उल्टी बोली
राजापुर मंडी में आढ़तों पर धान की नीलामी के दौरान उल्टी बोली लगाने का सिलसिला लगातार जारी है, जबकि डीएम डॉ. अरविंद कुमार चौरसिया ने धान की सीधी बोली लगाने के निर्देश दिए थे। साथ ही उल्टी बोली लगाने वाले व्यापारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की चेतावनी भी दी थी। बावजूद इसके बुधवार को नीलामी में उल्टी बोली लगाई गई।
मार्केटिंग के क्रय केंद्रों पर हैंडलिंग व परिवहन ठेकेदारों की नियुक्ति हो चुकी है, जिससे गोदामों को समय से खाली कराया जा रहा है। सहकारी क्रय एजेंसियों के केंद्रों पर हैंडलिंग व परिवहन ठेकेदारों की नियुक्ति प्रक्रिया अभी चल रही है, जिससे उनके केंद्रों पर धान का उठान नहीं हो पा रहा है। नीलामी में उल्टी बोली लगाए जाने की जांच कराई जाएगी।
- लालमणि पांडेय, जिला खाद्य विपणन अधिकारी