डीपीआरओ ने आरोप नकारे, प्रधान पुत्रों पर लगाया अड़ंगेबाजी का आरोप
लखीमपुर खीरी। नकहा ब्लॉक की ग्राम पंचायत सरसवां में प्रधान और सचिव के बीच पंचायत भवन निर्माण को लेकर चल रही तनातनी का मामला डीपीआरओ कार्यालय पहुंचा है। प्रधान ने सचिव के खिलाफ धोखाधड़ी से 5.45 लाख रुपये निकालकर निजी फर्म को भुगतान करने का आरोप लगाया है। प्रधान मंजू के पुत्र सोनू ने शिकायत की है कि सचिव दुर्गेश नंदिनी उनका डोंगल नहीं दे रही हैं।
सरसवां प्रधान के पुत्र सोनू का आरोप है कि प्रधान का डोंगल सचिव को मिला था। कई बार उनसे डोंगल की मांग की, लेकिन उन्होंने डोंगल नहीं दिया। इसकी शिकायत तत्कालीन बीडीओ संतोष सिंह से की गई। फिर भी कोई सुनवाई नहीं हुई। कुछ दिन बाद सचिव ने डोंगल दिया, लेकिन जब उसे चेक कराया तो वह डोंगल पुराने प्रधान ज्ञानवती का निकला।
सोनू का आरोप है कि निजी फर्म को टुकड़ों में भुगतान किया गया है, जिसकी जानकारी प्रधान मंजू को भी नहीं है। डीपीआरओ सौम्यशील सिंह ने सोनू के मौखिक शिकायत मिलने की बात कही है। उन्होंने कहा कि डीएम ने पहले से निर्देश दिए हैं कि हर प्रधान अपना डोंगल अपने ही पास रखे। किसी दूसरे को न दे। शिकायतकर्ता प्रधान पुत्र से शपथ पत्र पर लिखित रूप से शिकायत करने के लिए कहा है, जिसकी जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी। उधर सचिव दुर्गेश नंदिनी ने बताया कि जिस भुगतान की बात कही जा रही है, वह प्रशासक की तैनाती के समय हुआ था। वर्तमान प्रधान के डोंगल से कोई भुगतान नहीं हुआ है। डोंगल भी मेरे पास नहीं है। प्राथमिकता के आधार पर पंचायत भवन का निर्माण कार्य पूर्ण कराया जा रहा हैै।
ग्राम पंचायत में पंचायत भवन निर्माणाधीन है, जिसका भुगतान हुआ है। प्रधान पुत्र ने 28 बोरी सीमेंट पर पानी डाल दिया था, जिससे निर्माण कार्य प्रभावित हो रहा है। प्रधान पुत्र के खिलाफ शिकायतें मिल रही हैं, जो आपसी मनमुटाव में सचिव को परेशान कर अड़ंगेबाजी कर रहे हैं। - सौम्य शील सिंह, डीपीआरओ