तिकुनिया बवाल के दो वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद ठंडे होते मामले में फिर उबाल आ गया है। पहले वीडियो में पीछे से आई थार ने पहले तो किसानों को टक्कर मारी और फिर दूसरी कार उन्हें रौंदती चली गई। इस दौरान कुछ किसान कार की टक्कर से हवा में उछलते दिख रहे हैं। दूसरे वीडियो में थार से लोग उतरकर भाग रहे हैं और उसके पहिये के नीचे एक किसान दबा हुआ है।
तिकुनिया बवाल को लेकर सोशल मीडिया पर वायरल दो वीडियो वायरल हो रहे हैं। दोनों ही वीडियो में बर्बरता साफ नजर आ रही है। पहले वीडियो में साफ दिख रहा है कि प्रदर्शनकारी किसान हाथ में झंडे लेकर नारेबाजी करते हुए सड़क से गुजर रहे हैं। इसी बीच पीछे से हूटर बजाती हुई तीन कारें वहां पहुंचती हैं। पहली थार जीप है और दो अन्य कारें हैं। तेज रफ्तार थार जीप से पहले तो किसानों को टक्कर मारी गई और फिर उन्हें रौंदती हुई आगे निकल गई। कुछ सेकेंड के अंतराल पर पीछे से आई दूसरी कार ने भी सड़क पर पड़े किसानों को रौंदा। साथ ही सड़क किनारे खड़े किसान भी उसकी टक्कर लगने के बाद हवा में उछलकर दूर जा गिरे।
जीप के पीछे मंत्री का पोस्टर
किसानों को पहले टक्कर मारने वाली थार जीप के पीछे केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्र टेनी का पोस्टर भी लगा हुआ था। वायरल हुए करीब 30 सेकेंड के वीडियो में भी यह पोस्टर साफ नजर आ रहा है।
दूसरे वीडियो में थार छोड़कर भागते युवक
तिकुनिया बवाल में एक अन्य वीडियो भी वायरल हुआ है, जिसमें सड़क किनारे खड़ी थार जीप से दो युवक बाहर निकलकर भागते नजर आ रहे हैं। इसके अलावा एक व्यक्ति इसके पहिया के नीचे दबा पड़ा है। यह वीडियो पहले वाले वीडियो के बाद का बताया जा रहा है। भागने वाले युवक का नाम सुमित जायसवाल है, जो लखीमपुरखीरी का सभासद है। उसने एक चैनल को दिए साक्षात्कार में बताया कि भीड़ के हमले से वह खुद बचकर भागा था। गाड़ी से नीचे दबकर किसकी, कैसे मौत हुई, उसे कुछ पता नहीं। उसी गाड़ी में शुभम मिश्रा और हरिओम त्रिवेदी (ड्राइवर) थे।
ट्विटर पर ट्रेंड हो रहे वीडियो, लाखों व्यूज मिले
किसानों को रौंदने संबंधी पहला वीडियो विभिन्न लोगों के जरिये ट्विटर पर शेयर किया गया है। अब तक हजारों लोग इस वीडियो को रीट्वीट कर चुके हैं और लाखों लोगों ने इस वीडियो को लाइक किया है। इसके जवाब में कुछ लोग कार के ड्राइवर का फोटो भी ट्विटर पर शेयर करके लिख रहे हैं कि वह पत्थर लगने के बाद गाड़ी से संतुलन खो बैठा और यह हादसा हो गया। इसके जवाब में एक अन्य वीडियो भी ट्विटर पर शेयर किया गया है, जिसमें जमीन पर पड़े एक व्यक्ति को कुछ लोग लाठी-डंडों से पीट रहे हैं।
बेटा दिख जाए तो इस्तीफा दे दूंगा
दो दिनों से घटना से अपने और अपने बेटे को अलग बता रहे गृह राज्यमंत्री अजय मिश्र टेनी ने एक बार फिर दोहराया कि उनका बेटा घटनास्थल पर था ही नहीं। यदि ऐसा कोई साक्ष्य सामने आता है तो वह इस्तीफा दे देंगे। उन्होंने बताया कि बेटा बनवीरपुर गांव में था। यह बात गलत कही जा रही है कि वह घटना स्थल पर मौजूद गाड़ी में था। उसकी गिरफ्तार के सवाल पर उनका कहना है कि जब पुत्र का कोई दोष ही नहीं तो उसकी गिरफ्तारी का क्या मतलब। उन्होंने बताया कि उनका पुत्र घर पर ही है।