डेढ़ लाख की सुपारी देकर कराई थी हत्या
मृतक की बाइक और हत्या में प्रयुक्त तमंचा बरामद
दामाद के बड़े भाई के साथ छोटी बेटी का रिश्ते का विरोध शकील अहमद की मौत का कारण बन गया। बीवी ने दामाद और बेटी के साथ मिलकर पति की मौत की साजिश रची। दामाद ने अपने दोस्त शातिर अपराधी इरशाद को डेढ़ लाख की सुपारी देकर हत्या करा दी। घटना के खुलासे में सीओ सिटी एमपी सिंह के नेतृत्व में जुटी फरधान पुलिस को डेढ़ महीने के बाद कामयाबी मिली गई और पुलिस ने शूटर इरशाद, मृतक की पत्नी राशिदा खातून उर्फ राना और उसकी बेटी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने इरशाद की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त तमंचा और शकील की बाइक बरामद कर ली है। मास्टर माइंड दामाद अरशद सऊदी अरब में होने के कारण पुलिस की गिरफ्त में नहीं आ सका।
एसओ तपेश्वर सागर ने बताया कि मृतक शकील अहमद की बीवी राशिदा खातून उर्फ राना ने दो साल पहले उसकी इच्छा के विरुद्ध अपनी बड़ी बेटी गजाला का निकाह खीरी थाना के मोहल्ला कटरा निवासी अरशद के साथ करा दिया था। अरशद शातिर किस्म का अपराधी था, इसलिए शकील इसका विरोध करता था। अब राशिदा अपनी छोटी पुत्री रफत का निकाह अरशद के बड़े भाई हसीब के साथ कराना चाहती थी। शकील इस रिश्ते का विरोध करता था। जिससे मियां-बीवी में आए दिन घर में झगड़ा होता था। शकील के विरोध से तंग आकर राशिदा ने अपने दामाद अरशद और बेटी गजाला के साथ शकील को रास्ते से हटाने का प्लान बना डाला। इस प्लान का मुख्य सूत्रधार सऊदी अरब में रह रहा अरशद रहा। उसने मोहल्ला कृष्णानगर निवासी अपने शातिर किस्म के अपराधी दोस्त और रिश्तेदार इरशाद से डेढ़ लाख में शकील की जिंदगी का सौदा किया। प्लान के मुताबिक सऊदी अरब से अरशद ने फोन पर शकील को बताया कि 19 सितंबर की शाम खंभारखेड़ा में एक मुनीम से 40 हजार रुपये लेने है और एक शख्स इरशाद के साथ आपको जाना है। 19 सितंबर को इरशाद ने शकील को फोन किया कि वह उसे एसपी बंगला के पास मिले। थोड़ी देर में शकील अपनी बाइक से वहां पहुंच गया। इरशाद पीछे बैठ लिया और ज्ञानपुर के पास सुनसान इलाके में उसने गाड़ी रुकवाई। शकील गाड़ी खड़ी कर उतर पाते कि इसी बीच इरशाद ने पीछे से गर्दन के पास गोली मारकर उसकी हत्या कर दी और शव को फरधान थाना क्षेत्र के दुर्गापुर गांव के पास गन्ने में फेंक दिया और बाइक को फूलबेहड़ थाने के गंगाबेहड़ के पास एक गन्ने में छिपा दिया। घटना के बाद पुलिस ने जांच शुरू की और कॉल डिटेल निकाली तो मामला परत दर परत खुलता गया। एसओ ने बताया कि 11 नवंबर को पुलिस ने इरशाद को लालपुर के पास से गिरफ्तार कर लिया, जबकि राशिदा और गजाला को उनके घर से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने धारा 302, 201 और 120 बी तहत मुकदमा दर्ज कर राशिदा, गजाला और शूटर इरशाद का चालान कर दिया, जबकि अरशद और उसका भाई हसीब सऊदी अरब में होने के कारण पुलिस की गिरफ्त में नही आ पाए। एसओ ने बताया इरशाद आपराधिक प्रवृति का है इस पर कोतवाली सदर में लूट और चोरी के आठ मुकदमे दर्ज हैं।
कॉल डिटेल से शूटर तक पहुंची पुलिस
घटना के बाद मृतक के मोबाइल की कॉल डीटेल को खंगालने पर पुलिस इरशाद तक पहुंच पाई। उससे कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने सारा राज उगल दिया।
अरशद ने सुपारी के भेजे थे डेढ़ लाख रुपये
सऊदी अरब में रह रहे दामाद अरशद ने सुपारी के रुपये मृतक शकील की छोटी बेटी रफत के एकाउंट में भेजे थे। रफत ने वह रुपये गजाला को दिए, जहां से इरशाद को भेजे गए। हालांकि इरशाद 10 हजार रुपये मिलने की बात कह रहा है।
तो ऐसे हुई थी अरशद और शकील की मुलाकात
शकील अहमद के भाई मुईद अहमद ने बताया शकील की थरवनगंज में मोबाइल रिपेयर की दुकान थी। अरशद अंसारी वहीं काम सीखने आता था। इस बीच उसका शकील की बेटी गजाला से प्रेम-प्रसंग हो गया और इसके बाद दोनों का निकाह हो गया।
आठ से अधिक मुकदमे, फिर भी बन गया पासपोर्ट
लखीमपुर खीरी। पासपोर्ट जारी करने में स्थानीय अभिसूचना विभाग और पुलिस कितनी सतर्क है, इसका खुलासा शकील हत्याकांड में अहम भूमिका निभाने वाले सऊदी अरब में रह रहे अरशद का नाम सामने आने पर हुआ। मोबाइल से योजना तैयार करने वाले मास्टर माइंड अरशद पर सदर कोतवाली में लूट, चोरी आदि के आठ से अधिक मुकदमे दर्ज हैं। इसके बाद भी वह साल भर पहले पासपोर्ट बनवाकर सऊदी अरब जाने में सफल हो गया। मामला खुलने पर पुलिस भी सन्न रह गई। पुलिस पासपोर्ट मामले की भी जांच करेगी।
थाना खीरी के मोहल्ला शेखसराय निवासी शकील अहमद की हत्या का प्लान बनाने में थाना खीरी के मोहल्ला कटरा निवासी अरशद अंसारी ने अहम भूमिका निभाई थी। सीओ सिटी एमपी सिंह ने बताया कि अरशद शातिर किस्म का अपराधी है। उस पर सदर कोतवाली में आठ से अधिक लूट, चोरी आदि के मुकदमे दर्ज हैं। अरशद का शकील अहमद के घर आना जाना था, जबकि शकील अहमद को यह पसंद नहीं था। इसी बात को लेकर शकील और उसकी पत्नी के बीच अनबन रहती थी। अरशद ने शकील की पुत्री गजाला के साथ प्रेम विवाह कर लिया था। प्रेम विवाह करने के बाद साल भर पहले वह अपने बड़े भाई हसीब के साथ सऊदी अरब चला गया और वहीं रहने लगा। अरशद ने सऊदी अरब से सास खातून और उसकी बेटी के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची थी और प्लान तैयार किया था। शातिर अपराधी होने और कई मुकदमे दर्ज होने के बाद भी उसका पासपोर्ट जारी कर दिया गया। सीओ ने बताया कि पासपोर्ट मामले की जांच की जाएगी, जो दोषी मिलेगा उसके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराकर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।