तेज आंधी से गिरे सैकड़ों पेड़, आवागमन बाधित हुआ
लाइन पर गिरी डालें घंटों ठप रही बिजली आपूर्ति
मौसम में आई तरावट, किसानों के खिले चेहरे
भीषण गर्मी के बाद बुधवार सुबह तेज आंधी के साथ जोरदार बारिश से मौसम में तरावट आ गई है। तेज आंधी से जिले में दर्जनों पेड़ जड़ से उखड़ गए तो कुछ की शाखाएं टूट गईं। पलिया-निघासन रोड पर टूटकर गिरे सेमल के पेड़ से टकराकर बाइक सवार दो युवकों की मौत हो गई। कई जगह बिजली के तारों पर पेड़ और डालें गिरने से बिजली आपूर्ति दिन भर बाधित रही। इस बारिश से किसानों के चेहरे खिल उठे हैं।
पिछले एक माह से हो रही भीषण गर्मी के बाद मंगलवार की रात आसमान में बादल घिर आए। जिले में कहीं सुबह चार बजे तो कहीं पांच बजे तेज आंधी के बाद बरसात शुरू हो गई। लखीमपुर शहर समेत कई इलाकों में करीब एक घंटे तक मूसलाधार बारिश होती रही। जिले के कुछ क्षेत्रों में हल्की बारिश होने की सूचना मिली है। नीमगांव में बरसात के साथ ओले भी गिरे। तेज आंधी से जिले भर में कई जगह पेड़ जड़ से उखड़ गए तो कई पेड़ों की डालें टूट गईं। सड़कों पर पेड़ और डालें गिरने से आवागमन बाधित हुआ। बिजली के तारों के टूटने से कई जगह बिजली आपूर्ति भी बाधित रही। दुधवा रोड पर बांसों के गिरने से कई घंटे आवागमन बंद रहा। शारदानगर क्षेत्र में हाईटेंशन लाइन के टूटने से कई घंटे बिजली आपूर्ति बाधित रही। आंधी इतनी तेज थी कि तमाम झोपडियों के छप्पर और टीनशेड उड़कर दूर जा गिरे। सड़क किनारे लगीं होर्डिंग भी उड़ गईं।
जिले के पलिया, निघासन, बेलरायां, तिकुनिया, धौरहरा, गोला, बांकेगंज, शारदानगर, धौरहरा, ईसानगर में आंधी के साथ तेज बारिश की सूचना है। नीमगांव में हल्की बारिश के साथ ओले गिरने की भी सूचना है।
तिकुनियां। क्षेत्र में हल्की ही सही बरसात होने से लोगों को फिलहाल गर्मी से राहत मिली है। बाजार और रेलवे स्टेशन रोड के गड्ढों में बारिश से जलभराव हो गया। सुबह तीन बजे से तेज हवाओं हल्की बारिश ने मौसम को ठंडा कर दिया। खेतों में सूख रही गन्ने की फसल को बरसात से लाभ पहुंचा है।
बेलरायां। तराई में तेज हवाओं के साथ एक घंटे तक झमाझम बारिश होने से नागरिकों को गर्मी से निजात मिली है। वहीं बागों में आम की फसल को भारी नुकसान हुआ है। बुधवार की सुबह चार बजे तेज हवाओं के साथ बारिश शुरू हो गई। बाद में एक घंटे की बारिश से नागरिकों को गर्मी से राहत मिली है।
गन्ने को फायदा आम
की फसल को नुकसान
बरसात होने से गन्ने की बोवारी और पेड़ी को काफी फायदा पहुंचा है। मक्के की फसल को भी फायदा हुआ है। जबकि तेज आंधी से आम की फसल को भारी नुकसान पहुंचा है। तेज हवा में कच्चे आम टूट कर गिर गए हैं।