पडरौना। माध्यमिक विद्यालयों में पढ़ाई कर रहे छात्र-छात्राओं को प्रशिक्षित शिक्षक कॅरिअर की सलाह देंगे। इसके लिए विद्यालय के प्रधानाचार्य और वरिष्ठ शिक्षक को नोडल बनाकर उन्हें राज्य स्तर के प्रशिक्षक प्रशिक्षित करेंगे। प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद विद्यार्थियों को उनके बेहतर कॅरिअर की सलाह देंगे।
जिले में 22 राजकीय, 55 वित्तपोषित और 284 स्ववित्तपोषित समेत कुल 361 माध्यमिक विद्यालय संचालित होते हैं। इसमें कक्षा नौ से 12वीं तक करीब ढाई लाख छात्र-छात्राएं नामांकित हैं। इंटर की पढ़ाई पूरी करने के बाद अधिकांश छात्र-छात्राओं को जीवन में अपना लक्ष्य चुनने में काफी कठिनाई होती है। विद्यार्थी यह नहीं समझ पाते हैं कि आगे किस क्षेत्र में जाना अधिक ठीक रहेगा।
उन्हे बेहतर भविष्य के लिए आगे कॅरिअर चुनने के लिए क्या करना होगा। उनकी सामने इस तरह की कई समस्याएं छात्र छात्राओं के सामने आती हैं। इन्हीं समस्याओं और सवालों का जवाब बताने के लिए हर माध्यमिक विद्यालय में कॅरिअर डेस्क की स्थापना होगी। इसमें प्रशिक्षित प्रधानाचार्य और नोडल शिक्षक विद्यार्थियों को कॅरिअर की सलाह देंगे। इसके लिए जिले के दो शिक्षकों को राज्य स्तर पर पहले प्रशिक्षित किया जाएगा।
इसके बाद वे प्रत्येक विद्यालय के प्रधानाचार्य और कॅरिअर गाइडेंस के नोडल शिक्षक को प्रशिक्षित करेंगे। यह दोनों लोग अपने विद्यालय के बच्चों को कॅरिअर चुनने में उनका मार्गदर्शन करेंगे। राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान के जिला समन्वयक विष्णु प्रभाकर पांडेय ने बताया कि छात्र-छात्राओंं को कॅरिअर चुनने में शिक्षक मार्गदर्शक की भूमिका निभाएंगे।
इसके लिए प्रत्येक विद्यालय से एक नोडल शिक्षक और प्रधानाचार्य को कॅरिअर गाइडेंस के लिए प्रशिक्षित किया जाएगा। इसकी तिथि जल्द घोषित कर दी जाएगी।