मंसाछापर। डीपीआरओ ने विशुनपुरा ब्लॉक क्षेत्र में तैनात ग्राम पंचायत अधिकारी के विरुद्ध विभिन्न आरोपों की जांच में मिले साक्ष्य के आधार पर एक वेतन वृद्धि अस्थाई रूप से बाधित कर दिया है। उनके खिलाफ हुए शिकायत में कुल चार आरोप लगाए गए थे, जांच के दौरान मिली शिकायत में से कुछ आरोप आंशिक रूप से प्रमाणित पाए गए हैं।
शिकायत के आधार पर ग्राम पंचायत दुबौली में कराए गए कार्यों, विद्यालयों में कराए गए सुधार, पौधरोपण अभियान, विधवा पेंशन प्रकरण तथा उच्चाधिकारियों के आदेशों के अनुपालन से संबंधित तथ्यों का परीक्षण किया गया। पौधरोपण के संबंध में जांच में मिला कि अभियान के तहत प्राप्त पौधों का रोपण सार्वजनिक स्थलों पर किया गया, हालांकि कुछ पौधों के वितरण और रोपण से जुड़े बिंदुओं पर अनियमितता सामने आई।
विधवा पेंशन प्रकरण में यह स्पष्ट हुआ कि एक मृतक महिला के नाम पर पेंशन खाते में धनराशि स्थानांतरित हुई, जिसे बाद में निरस्त कर दिया गया। वहीं उच्चाधिकारियों के आदेशों के समयबद्ध अनुपालन में भी लापरवाही पाई गई। इसको गंभीरता से लेते हुए डीपीआरओ आलोक प्रियदर्शी ने ग्राम पंचायत अधिकारी शाह आलम अंसारी की आगामी एक वेतन वृद्धि अस्थायी रूप से प्रभाव से बाधित कर दिया है। डीपीआरओ ने बताया कि आरोपों की जांच में पुष्टि होने के बाद सचिव के खिलाफ यह कार्रवाई की गई है।