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Kushinagar News: हत्या के मुकदमे में साक्ष्य न पेश करने वाले पुलिसकर्मियों पर केस दर्ज करने का आदेश

Sat, 23 Dec 2023 01:20 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
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पडरौना। हत्या के मुकदमे मं साक्ष्य प्रस्तुत न करने पर अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने पुलिसकर्मियों पर नाराजगी जाहिर की। उन्होंने एसपी पडरौना को आदेश दिया कि जांच कराकर दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ केस दर्ज कराएं। शुक्रवार को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश कोर्ट नंबर-6 के न्यायाधीश शैलेंद्र त्रिपाठी ने आदेश दिया।
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मुकदमे के वादी कसया थाना क्षेत्र के सिसवा महंथ गांव के निवासी रामआधार सिंह ने 11 सितंबर 2017 को केस दर्ज कराया था। जिसमें कहा कि रात के करीब 9 बजे उनका 16 वर्षीय बेटा धनंजय सिंह विस्तर लगाने के बाद घर से निकला। लेकिन वापस नहीं आया। गांव और रिश्तेदारों के वहां खोजबीन के बाद भी उसका पता नहीं चला। पुलिस ने तहरीर के आधार पर अपहरण का केस दर्ज किया था। विवेचना के दौरान पुलिस ने सिसवा महंथ गांव के ही लक्ष्मण को गिरफ्तार किया था। उसने पुलिस की पूछताछ में रामआधार सिंह के बेटे धनंजय की हत्या की बात स्वीकार की थी। इसके बाद पुलिस ने मुकदमे में हत्या की धारा बढ़ाई थी। तभी से मुकदमा अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश कोर्ट नंबर-6 में विचाराधीन है। हत्यारोपी भी मौजूदा समय में जेल में है।
मुकदमे में न्यायालय में 4 अप्रैल 2018 को आरोप पत्र दाखिल किया गया था। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश कोर्ट नंबर-6 शैलेंद्र त्रिपाठी ने बताया कि मुकदमे में अब तक सात गवाहों का बयान अंकित हुआ है। इसमें निरीक्षक गजेंद्र कुमार राय का बयान 6 जुलाई 2022 को हुआ। हत्या में प्रयुक्त माल मुकदमाती के अभाव में इसकी सुनवाई पूरी नहीं हो पाई। इस मुकदमे में अब तक 49 तारीखें पड़ चुकी हैं। फिर भी माल मुकदमाती संबंधित पुलिसकर्मियों ने कोर्ट में पेश नहीं किया। शुक्रवार को कसया थाने के हेड मुहर्रिर ने न्यायालय को बताया कि अब तक संबंधित माल मुकदमाती का चार्ज नहीं मिला। चार्ज के बारे में क्षेत्राधिकारी की ओर से जांच हो रही है। न्यायालय ने इस प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक कुशीनगर को संबंधित पुलिसकर्मियों के विरुद्ध जांच कराकर पुलिस अधिनियम की धारा-7 एवं उचित धाराओं में मुकदमा दर्ज कराने का आदेश दिया है। इसकी रिपोर्ट 3 जनवरी 2023 तक न्यायालय में प्रस्तुत करने का आदेश दिया गया है।
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