कसया। राजकीय बौद्ध संग्रहालय में शनिवार को इंटर्नशिप पूरा करने वाले काशी हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू), वाराणसी के तीन छात्र-छात्राओं को प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए। संग्रहालय प्रशासन ने उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए पुरातात्विक धरोहरों के संरक्षण में योगदान देने की अपील की।
इंटर्नशिप के दौरान मनोज कुमार मद्धेशिया, खुशी तिवारी और देव विश्वकर्मा ने संग्रहालय प्रबंधन, पुरातात्विक धरोहरों के संरक्षण, अभिलेखों के रखरखाव और इतिहास से जुड़े तकनीकी एवं व्यावहारिक पहलुओं का प्रशिक्षण प्राप्त किया। संग्रहालय के अध्यक्ष डॉ. लोकरत्न शुक्ला ने कहा कि इस तरह का व्यावहारिक प्रशिक्षण विद्यार्थियों में देश की ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक विरासत के प्रति जागरूकता और संरक्षण की भावना विकसित करता है। संग्रहालय केवल इतिहास को संजोने का माध्यम नहीं, बल्कि नई पीढ़ी को अपनी विरासत से जोड़ने का भी महत्वपूर्ण केंद्र है। इसके बाद उन्होंने इंटरशिप करने करने वाले तीनों विद्यार्थियों को प्रमाण पत्र दिया। इस दौरान तेज प्रताप शुक्ला, दिनेश तिवारी आदि मौजूद रहे।