वर्ष 2015 में भी दिखा था तेंदुआ
इससे पहले वर्ष 2015 में भी प्रयागराज की सीमा पर स्थित नेवादा क्षेत्र के पंसारा गांव के पास तेंदुआ दिखा था। तब करीब 20 दिन सर्च अभियान चला था। ड्रोन कैमरे की भी मदद ली गई थी, लेकिन तेंदुए का पता नहीं चला था। डीएफओ बताते हैं कि चित्रकूट के अलावा प्रयागराज और फतेहपुर में भी नदियों के किनारे तेंदुए पाए जाते हैं।
सैदपुर गांव के पास दिखे जिस वन्यजीव की तस्वीर मिली है, वह तेंदुआ है। कर्मचारियों को आसपास के क्षेत्र के सर्च अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं। लोगों से अपील है कि अकेले घर से बाहर न निकलें। खेत, खलिहान या तराई में जाए तो समूह में। लाठी-डंडे साथ रखें। - आरएस यादव, डीएफओ