Kotia village stunned by the flurry of bullets
- फोटो : KAUSHAMBI
सरायअकिल कोतवाली का कोटिया गांव मंगलवार दोपहर गोलियों की तड़तड़ाहट से दहल उठा। चुनावी रंजिश को लेकर असलहों से लैस रहे एक पक्ष ने दूसरे के घर पर चढ़ कर कई राउंड फायरिंग की। इससे गांव में दहशत फैल गई। गनीमत रही कि किसी को गोली नहीं लगी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घटना की छानबीन शुरू कर दी है। घटना के बाद से दोनों पक्षों में तनाव की स्थिति बनी है।
कोटिया गांव में पंचायत चुनाव को लेकर ग्राम प्रधान आजाद सिंह की गांव के ही मिश्री लाल पाल से रंजिश चल रही है। इसी रंजिश की वजह से मंगलवार की सुबह दस बजे मिश्री लाल का ग्राम प्रधान के पिता सुखलाल यादव से मारपीट हो गई। इसमें मिश्री लाल के सिर में गंभीर चोटें आईं। इस घटना को लेकर सरायअकिल कोतवाली में तहरीर देकर लौटे मिश्री लाल व उसके समर्थकों ने ग्राम प्रधान आजाद सिंह व उनके परिजनों के साथ मारपीट, गालीगलौज शुरू कर दी। बात बढ़ने पर दूसरे पक्ष के लोगों ने असलहों से लैस होकर मिश्री लाल के घर पर चढ़ाई कर दी। आरोप है कि इस दौरान कई राउंड फायरिंग भी की गई।
गोलियों की तड़तड़ाहट से पूरा गांव दहल उठा। मौके पर रहे मिश्री लाल व उसके परिजनों ने घर में घुस कर अपनी जान बचाई। इस दौरान करीब आधे घंटे तक गांव में बवाल हुआ। सूचना पर पहुंची डायल 112 और सरायअकिल कोतवाली पुलिस को देख हमलावर फरार हो गए। घटना को लेकर दोनों पक्षों में तनाव की स्थिति है। मामले में देर शाम तक किसी भी प्रकार की कार्रवाई नहीं की गई थी। इंस्पेक्टर सरायअकिल का कहना है कि सुबह हुई मारपीट की घटना में एक पक्ष की तरफ से एनसीआर दर्ज कर ली गई है। दोपहर बाद हुई घटना की अभी जांच की जा रही है।