कासगंज। बाल विकास परियोजना कार्यालय सहावर की समीक्षा बैठक में फेस रिकॉग्निशन सिस्टम के जरिए लाभार्थियों के सत्यापन में ढिलाई का मामला सामने आया। सीडीपीओ सुशीला ने धीमी प्रगति पर नाराजगी जताते हुए सभी संबंधित आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को तीन दिन के भीतर शत-प्रतिशत सत्यापन पूरा करने के सख्त निर्देश दिए।
समीक्षा के दौरान यह तथ्य सामने आया कि कई आंगनबाड़ी केंद्रों पर अभी तक लाभार्थियों का पूर्ण सत्यापन फेस रिकॉग्निशन सिस्टम के माध्यम से नहीं किया जा सका है। इस पर सीडीपीओ ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यह कार्य शासन की प्राथमिकताओं में शामिल है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी।
उन्होंने निर्देश दिया कि सभी लंबित मामलों को तत्काल निपटाया जाए और सत्यापन कार्य को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाए, ताकि योजनाओं का लाभ सही पात्र लोगों तक पहुंच सके।
बैठक में जिन केंद्रों की स्थिति सबसे अधिक कमजोर पाई गई उनमें बाज़नगर, नगला नैन सुख, नगला ईश्वरी, फतेहपुर और नवाबगंज शामिल रहे। इन केंद्रों पर सत्यापन कार्य की गति अपेक्षाकृत बेहद धीमी पाई गई, जिस पर विशेष रूप से चिंता जताई गई।
सीडीपीओ सुशीला ने सभी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को अंतिम चेतावनी देते हुए कहा कि निर्धारित समय सीमा के भीतर शत-प्रतिशत सत्यापन पूरा किया जाए, अन्यथा लापरवाही बरतने वालों पर कार्रवाई की जाएगी।