जानकारी पाकर प्रभारी एसओ उमेश शर्मा पुलिस बल लेकर मौके पर पहुंचे। इसी बीच मृतक के भाई रामकुमार व रामगोपाल आ गए। उन्होंने चिमटा, बैग व मोबाइल नहीं मिलने पर शव ले जाने से रोका दिया। हालांकि पुलिस के समझाने पर परिजन मान गए इसके बाद शव पोस्टमार्टम हाउस भेजा गया।
प्रभारी एसओ ने बताया कि हत्यारोपी कल्लू उर्फ अरुण की लोहारी के रामचंद्र उर्फ बड़े बाबा से दोस्ती थी। दोनों में विवाद के बाद कल्लू ने रामचंद्र का गला चाकू से काट दिया। हत्या में प्रयुक्त चाकू बरामद कर आरोपी को हिरासत में लिया गया है। पूछताछ की जा रही है। अभी किसी ने तहरीर नहीं दी है। तहरीर मिलने पर रिपोर्ट दर्ज की जाएगी।
थाने में कबूल की हत्या की बात
अरुण शनिवार की शाम को खून लगा चाकू लेकर थाने पहुंचा तो पुलिस कर्मी सन्न रह गए। प्रभारी एसओ के निर्देश पर पुलिस कर्मियों ने अरुण को हिरासत में ले लिया। ग्रामीणों के अनुसार रामचंद्र उर्फ बड़े बाबा पूजा पाठ करने के साथ तंत्र क्रिया भी करता था और चाकू अपने पास रखता था। यहीं चाकू उसकी विवाद में उसकी मौत की वजह बन गया। साथी पुजारी की हत्या के बाद कल्लू उर्फ अरुण थाने पहुंचा। उसने पुजारी की हत्या करने की बात बताई तो तत्काल उसे लॉकअप में बंद कर चाकू कब्जे में लिया गया।
परिजन आरोपी की बातों पर कर रहे शक
पुजारी की हत्या के पीछे गाली गलौच भर है यह फिर वजह कुछ ही और है। यह पुलिस की पूछताछ के बाद ही सामने आ सकेगा। हालांकि मृतक के परिजनों को आरोपी की बात गले नहीं उतर रही है। परिजन पुजारी का अन्य सामान न मिलने को लेकर भी अटकले लगा रहे हैं। वहीं पुलिस भी हत्या के पीछे अन्य बिंदुओं की पड़ताल को लेकर हत्यारोपी से गहराई से पूछताछ कर रही है। हालांकि प्रारंभिक पूछताछ में गाली गलौच के बाद हत्या की बात कल्लू उर्फ अरुण ने कबूल की है। प्रभारी एसओ उमेश शर्मा ने बताया कि घटना के पीछे की सही वजह की जानकारी का प्रयास हो रहा है। पुलिस हिरासत में लिए गए आरोपी से गहराई से पूछताछ कर रही है।
पुलिस की शुरुआती जांच में दोनों के बीच विवाद होने की बात पता चली है। आरोपी को हिरासत में लेकर चाकू को कब्जे में लिया गया है। हत्यारोपी से पूछताछ की जा रही है। जल्द ही सही वजह सामने आएगी। - घनश्याम चौरसिया, एएसपी