हादसे के बाद परिजनों में मचा कोहराम
वहां पहुंचे परिजन गंभीर हालत में लोहिया अस्पताल लाए। ईएमओ ने सुनील को मृत घोषित कर दिया। इससे परिजनों में कोहराम मच गया। सुनील तीन भाइयों में सबसे छोटा था। बड़े भाई वेदराम और विवास चंद्र हैं। वेदराम ने बताया कि सुनील के दो बेटियां पल्लवी (6) और प्रतीक्षा (4) हैं।
पत्नी को सच बताने की हिम्मत नहीं
उसकी वर्ष 2011 में शादी हुई थी। मंगलवार रात करीब 12 बजे पत्नी ने पुत्र को जन्म दिया। दो बेटियों के बाद बेटे के जन्म पर होने वाले जश्न की बजाय घर में कोहराम मचा है। परिजन अस्पताल में भर्ती पत्नी को सच बताने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं।