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कानपुर: बुखार से पांच और लोगों की मौत, पुराने रोगियों पर भारी पड़ रहा वायरल संक्रमण, फेल हो रहे अंग

Tue, 21 Sep 2021 07:59 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

हैलट ओपीडी में मंगलवार को बुखार के 75 रोगियों ने स्वास्थ्य परीक्षण कराया। उर्सला की ओपीडी में भी बुखार के रोगियों की संख्या अधिक रही। मेडिकल कॉलेज की मेडिसिन विभागाध्यक्ष डॉ. रिचा गिरि ने बताया कि बुखार के रोगी ओपीडी में भी आ रहे हैं और अस्पताल में भी भर्ती हैं।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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कानपुर में बुखार से मंगलवार को पांच और रोगियों ने दम तोड़ दिया। पुराने रोगियों पर वायरल संक्रमण भारी पड़ रहा है। इसका फैलाव इतना तेज है कि रोगियों की प्रतिरोधक क्षमता जवाब दे रही है, जिससे अंदरूनी अंग फेल हो जा रहे हैं।
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गंभीर रोगियों को हैलट इमरजेंसी और निजी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। बुखार के बाद ब्रेन हैमरेज भी हो रहा है। हैलट ओपीडी में आए एक दर्जन रोगियों को हालत गंभीर होने पर इमरजेंसी में भर्ती किया गया। तीन को बुखार के बाद ब्रेन हैमरेज हो गया।

अस्थमा, गुर्दा और लिवर के पुराने रोगियों की बुखार आने के बाद हालत बिगड़ गई। गोपालपुर, साढ़ के रहने वाले चुन्नीलाल (75) की बुखार के बाद हालत बिगड़ी और मौत हो गई। इसी तरह बौसर के रहने वाले गोविंद (25) के गुर्दे बुखार के बाद फेल हो गए, जिससे उनकी मौत हो गई।
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उन्हें पहले से गुर्दों में तकलीफ रही। वहीं बुखार के बाद नसड़ा की जमुना देवी की मौत हो गई। वह कैंसर रोगी थीं। नौबस्ता के शमीम (55) को बुखार के बाद सांस लेने में तकलीफ होने लगी। परिजन उन्हें कार्डियोलॉजी लेकर आए, लेकिन मौत हो गई। गोविंदनगर की संगीता (36) को बुखार के बाद निमोनिया हो गया।

हैलट में इलाज के दौरान मौत हो गई। हैलट ओपीडी में मंगलवार को बुखार के 75 रोगियों ने स्वास्थ्य परीक्षण कराया। उर्सला की ओपीडी में भी बुखार के रोगियों की संख्या अधिक रही। मेडिकल कॉलेज की मेडिसिन विभागाध्यक्ष डॉ. रिचा गिरि ने बताया कि बुखार के रोगी ओपीडी में भी आ रहे हैं और अस्पताल में भी भर्ती हैं।

डेंगू के 10 नए रोगी और मिले
डेंगू संक्रमण का फैलाव बढ़ता जा रहा है। मंगलवार को डेंगू के 10 नए रोगी मिले हैं। इनमें तीन रोगी कुरसौली के हैं। स्वास्थ्य विभाग की टीमों को घरों में बराबर डेंगू का लार्वा मिल रहा है। अभी तक नगर में कुल डेंगू संक्रमितों की संख्या 146 हो गई है।

इनमें 117 संक्रमित ग्रामीण और 29 नगरीय क्षेत्रों के हैं। यह आंकड़ा स्वास्थ्य विभाग का है। निजी पैथोलॉजियों से भी पॉजिटिव रिपोर्ट आ रही हैं। कुरसौली की रहने वाली नेहा सिंह, उर्सला में भर्ती दिव्यांशु तिवारी और उसकी चचेरी बहन नित्या तिवारी की रिपोर्ट डेंगू पॉजिटिव है।

इसके साथ ही नगर और ग्रामीण इलाकों में भी सात लोग पॉजिटिव मिले हैं। कुरसौली के 12 घरों में लार्वा मिला है। एक घर में मच्छर पैदा करने वाली स्थिति होने पर नोटिस जारी किया गया है। गांव के 55 घरों पर ताला लगा हुआ है। सीएमओ कार्यालय की रिपोर्ट के मुताबिक 56 मोहल्लों में जांच करने पर 126 जगह लार्वा मिला है। इसी तरह बिल्हौर के आंकिन में 220 घरों की जांच में 60 स्थानों पर डेंगू फैलाने वाले मच्छर का लार्वा पाया गया है।
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बिल्हौर में 10, घाटमपुर में छह डेंगू मरीज मिले 
बिल्हौर क्षेत्र के आंकिन गांव में दो लोगों की डेंगू से मौत के बाद मंगलवार को सात और रोगियों में डेंगू की पुष्टि हुई है। इसी तरह क्षेत्र के दरियापुर, सुभाष नगर, बलराम नगर में भी एक-एक बुखार पीड़ित की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी डॉ. अरविंद भूषण ने बताया आंकिन में कैंप लगाकर 25 लोगों के नमूने लिए थे।

वहीं एसीएमओ डॉ. एपी मिश्रा ने मंगलवार को आंकिन और धौराहरा गांव का निरीक्षण कर साफ-सफाई के निर्देश दिए। दोनों गांवों में लगे कैंप में कुल 122 बुखार पीड़ितों को दवाएं देकर जांच कराई गई। उधर घाटमपुर सीएचसी अधीक्षक कैलाश चंद्रा ने बताया कि मंगलवार को भेजे गए सैंपलों की जांच में भदरस गांव निवासी वीर सिंह (25) व निमधा गांव निवासी विविध कुमार (13) की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है।

वहीं पतारा सीएचसी अधीक्षक नीरज सचान ने बताया कि गांव बनहरी के ननका प्रसाद (52), अरखरी की जूही (21) व स्योराढ़ी के सुशीला (28) में डेंगू की पुष्टि हुई है। भीतरगांव क्षेत्र के बैरीपुर गांव निवासी रेखा (52) भी डेंगू पॉजिटिव पाई गईं। 
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