कानपुर में अवैध तरीके से अस्थायी पुल बनाकर गंगा की धारा मोड़ने के आरोप में फंसे बालू खनन पट्टा धारक मेसर्स वैष्णवी इंटरप्राइजेज के मालिक नागेंद्र सिंह पर उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (यूपीपीसीबी) ने 4.29 करोड़ रुपये का पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति का जुर्माना लगाया है।
फर्म को इस जुर्माना राशि को 30 दिन के अंदर बोर्ड के पास जमा करने को कहा गया है। आरोप है कि फर्म मालिक ने पर्यावरणीय स्वीकृति मिलने के बाद जल एवं वायु अधिनियम के नियमों का उल्लंघन करते हुए खनन कार्य शुरू करने से पहले बोर्ड से बिना जल एवं वायु प्रदूषण नियंत्रण की अनुमति लिए खनन शुरू कर दिया था।