सफलता पर खुशी जताते केडीएमए इंटरनेशनल स्कूल, बर्रा के स्टूडेंट।
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इंटरमीडिएट के रिजल्ट में सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजूकेशन (सीबीएसई) यूपी बोर्ड से पिछड़ गया है। पिछली बार की अपेक्षा इस बार (2016) का रिजल्ट करीब 12 फीसदी कम हुआ है। इसके सापेक्ष यूपी बोर्ड का रिजल्ट सुधरा है। यूपी बोर्ड के इंटरमीडिएट में इस बार 94.33 फीसदी स्टूडेंट पास हुए हैं। वहीं सीबीएसई का इस बार 85.87 फीसदी रिजल्ट रहा।
कानपुर में सीबीएसई 2015 के इंटरमीडिएट की परीक्षा 8,659 स्टूडेंटों ने दी थी। इसमें से 98.10 फीसदी स्टूडेंट पास हुए थे। लड़कियों का रिजल्ट 89 फीसदी और लड़कों का रिजल्ट 91 फीसदी था। वहीं, इस बार (2016) स्टूडेंटों की संख्या कम हो गई, फिर भी रिजल्ट खराब आया है।
सीबीएसई के पास उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक शहर के 59 पब्लिक स्कूलों के 8,339 स्टूडेंटों ने इंटरमीडिएट की परीक्षा दी थी। इसमें से 85.87 फीसदी स्टूडेंट पास हो सके हैं। लड़कों का रिजल्ट 83.18 फीसदी रह गया। लड़कियों का भी रिजल्ट .80 फीसदी गिरकर 90.20 फीसदी रहा। आईसीएससी का रिजल्ट भी सीबीएसई से बेहतर रहा है। आईसीएससी के करीब 98 फीसदी स्टूडेंट पास हुए थे।