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Crime Branch Action: विदेश में नौकरी लगवाने के नाम पर करते थे ठगी, दो आरोपी हुए गिरफ्तार, ऐसे बनाते थे शिकार

Tue, 30 Aug 2022 09:31 PM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

क्राइम ब्रांच ने विदेश में नौकरी लगवाने का झांसा देकर ठगी की वारदात को अंजाम देने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। गैंग के दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जिन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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कानपुर क्राइम ब्रांच ने मंगलवार को विदेश में नौकरी लगवाने का झांसा देकर ठगी करने वाले गिरोह का राजफाश कर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। दोनों को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। आरोपी पिछले पांच वर्षों से ठगी को अंजाम दे रहे थे। अब तक करोड़ों रुपये की ठगी कर चुके हैं। क्राइम ब्रांच इन आरोपियों के बैंक खाते खंगाल रही है।

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किदवई नगर निवासी अमित कुमार ने अलग-अलग वेबसाइट पर नौकरी के लिए रजिस्ट्रेशन कर बायोडाटा अपलोड कर रखा था। एक जून 2022 को उनके पास एक शख्स ने कॉल किया। उसने बताया कि उसकी सिंगापुर की आईएमआर सर्विसेज कंपनी में नौकरी लग गई है। इसी कंपनी के नाम से अमित कुमार को एक ऑफर लेटर ई-मेल किया। ऑनलाइन इंटरव्यू भी लिया, फर्जी नियुक्ति पत्र भी भेजा।

अमित उसके झांसे में आकर यकीन कर लिया। वीजा व अन्य फीस के नाम पर 45 हजार रुपये ठग ने ट्रांसफर करवा लिए। बाद में पता चला कि नौकरी लगवाने के नाम पर उनसे ठगी हुई। क्राइम ब्रांच मामले की तफ्तीश कर रही थी। मंगलवार को टीम ने बरेली के शीशगढ़ थाना क्षेत्र के बिसालपुर गांव निवासी नीतीश गंगवार और रामपुर के कैमरी भरवका के रहने वाले राहुल गंगवार को गिरफ्तार किया।

वेबसाइट से चोरी करते हैं डाटा
आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि वह अलग-अलग वेबसाइट से डाटा चोरी करते हैं। जिससे नौकरी के लिए रजिस्ट्रेशन करने वाले का नाम, पता, मोबाइल नंबर, बायोडाटा, ईमेल एड्रेस आदि मिल जाता है। इसलिए जब वह आवेदक से संपर्क कर इन सभी जानकारियों के बारे में बताते हैं तो उसको यकीन हो जाता है कि कॉल करने वाला सही शख्स है।
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इस तरह ट्रेस किए गए आरोपी
ठगी की रकम ऑनलाइन खाते में ट्रांसफर की गई थी। क्राइम ब्रांच ने खाते की डिटेल और जिस मोबाइल नंबर से आरोपियों ने अमित से संपर्क किया था उसका पूरा विवरण निकाला तो नीतीश व राहुल का नाम सामने आया। तथ्यों का सत्यापन करने के बाद दोनों की गिरफ्तारी की गई।
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