पुलिस को आशंका है हत्यारे गलियों और रेलवे पटरी होते हुए भागे हैं। अब सर्विलांस की मदद से पुलिस सुराग तलाश रही है। फजलगंज के उचवां में परचून दुकानदार प्रेम किशोर उनकी पत्नी ललिता और बेटे नैतिक की शुक्रवार रात घर में घुसकर बदमाशों ने हत्या कर दी थी।
कानपुर के फजलगंज में हुए तिहरे हत्याकांड में पुलिस दो दिन बाद भी हत्यारों का सुराग नहीं लगा सकी है। पुलिस अब तक यह पता नहीं कर सकी है कि आखिर वारदात को अंजाम देने के बाद बदमाश किस तरफ से फरार हुए। मृतक के घर के बाहर केवल तीन संदिग्ध एक फुटेज में कैद हुए हैं। इसके अलावा किसी भी मुख्य चौराहों के कैमरों में यह सब कैद नहीं हुए।
विज्ञापन
आशंका है कि हत्यारे गलियों और रेलवे पटरी होते हुए भागे हैं। अब सर्विलांस की मदद से पुलिस सुराग तलाश रही है। फजलगंज के उचवां में परचून दुकानदार प्रेम किशोर उनकी पत्नी ललिता और बेटे नैतिक की शुक्रवार रात घर में घुसकर बदमाशों ने हत्या कर दी थी। शनिवार सुबह तीनों के शव घर पर पड़े मिले थे।
हाथ पैर बंधे थे और सिर पर पॉलिथीन कसी हुई थी। डीसीपी साउथ रवीना त्यागी जांच टीम को लीड कर रही हैं। पुलिस को पहले ही दिन एक फुटेज मिला था। जिसमें रात डेढ़ बजे तीन संदिग्ध प्रेम किशोर के दरवाजे पर खड़े नजर आ रहे थे। पुलिस ने उसके बाद फजलगंज चौराहा, जरीब चौकी, विजय नगर, चावला चौराहा आदि जगहों पर लगे कैमरों के फुटेज खंगाले लेकिन संदिग्धों को ट्रेस नहीं किया जा सका। सवाल है कि आखिर बदमाश वारदात को अंजाम देने के बाद किस तरफ चले गए। अगर फुटेज से बदमाश ट्रेस हो जाते तो केस सुलझाने में पुलिस को काफी मदद मिलती।
विज्ञापन
कहीं आसपास के तो नहीं हैं हत्यारे
घटनास्थल के चारों तरफ की मुख्य सड़कों पर संदिग्ध नजर नहीं आए। ऐसे में आशंका बढ़ गई है कि हत्यारे आसपास के हैं। इसलिए पुलिस ने इलाकाई निवासी पुराने अपराधियों की सूची तैयारी की है। कइयों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। पुलिस ने वारदात के बाद एक पड़ोसी को संदिग्धता के तौर पर उठाया था। रातभर उससे पूछताछ की। उसके खिलाफ कोई साक्ष्य नहीं मिला। इसलिए उसको छोड़ दिया है।