कानपुर। आल इंडिया प्री मेडिकल/डेंटल टेस्ट (एआईपीएमटी) केे फिजिक्स और बायोलॉजी का पेपर टफ बताया गया। केमिस्ट्री सरल रही, लेकिन माइनस मार्किंग ने स्टूडेंटों को तुक्का मारकर पेपर नहीं हल करने दिया। परीक्षा के दौरान सुरक्षा के तगड़े इंतजाम रहे। इलेक्ट्रानिक्स गैजेट्स के साथ परीक्षा केंद्र पर जाने की इजाजत नहीं दी गई।
एआईपीएमटी का पेपर रविवार को कराया गया। इसका सेंटर लखनऊ में बना था, जहां शहर के 18 हजार स्टूडेंटों ने पेपर दिया। सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक टेस्ट कराया गया। सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजूकेशन (सीबीएसई) की देखरेख वाली परीक्षा के पेपर के पैटर्न में किसी तरह का बदलाव नहीं किया गया।
ज्यादातर क्वेश्चन नेशनल काउंसिल ऑफ एजूकेशनल रिसर्च एंड ट्रेनिंग (एनसीईआरटी) की किताबों से पूछे गए हैं। उम्मीद है कि जिन स्टूडेंटों ने एनसीईआरटी की किताबों से तैयारी की है, उनका सेलेक्शन तय है। एआईपीएमटी का पेपर देने वाली महिमा सिंह सेंगर ने बताया कि फिजिक्स और बायोलॉजी (जूलोजी, बॉटनी) के क्वेश्चन उलझाने वाले रहे।
475 मार्क्स पर मिलेगा एडमिशन
फिजिक्स, केमिस्ट्री और बायोलॉजी के 180 क्वेश्चन पूछे गए, जो 720 मार्क्स (सभी 4-4 मार्क्स) के थे। 475 मार्क्स पाने वाले स्टूडेंटों को सामान्य मेरिट से एडमिशन मिल जाएगा।
इन चैप्टर से पूछे क्वेश्चन
d केमिस्ट्री में आर्गेनिक, इन आर्गेनिक और फिजिकल केमेस्ट्री।
d फिजिक्स में मेकेनिक्स, माडर्न फिजिक्स, हीट, इलेक्ट्रो, मैग्नेट और वेब।
d बायोलॉजी में इकालॉजी से 13 और एनीमल फिजियोलॉजी से 12 क्वेश्चन पूछे गए। प्लांट फिजियोलॉजी, जेनेटिक्स और बायो मॉलीक्यूल।
एमबीबीएस, बीडीएस की 52 हजार सीटें भरेंगी
नीट से एमबीबीएस और बीडीएस की 52 हजार सीटें भरी जाएंगी। ये सीटें सरकारी और गैर सरकारी मेडिकल कॉलेजों की हैं। इसका ब्योरा मेेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया (एमसीएआई) जल्द ही जारी कर देगा। यह पहला मौका होगा, जब देश भर के सरकारी और गैर सरकारी मेडिकल कॉलेजों की सीटें एक साथ और एक टेस्ट से भरी जाएंगी।
अभी नीट-2 का आयोजन
सुप्रीम कोर्ट ने एआईपीएमटी को नेशनल एलिजिबिलिटी एंट्रेंस टेस्ट (नीट)-1 करार दिया है। साथ ही आदेश दिया है कि नीट-2 का आयोजन 24 जुलाई को होगा। नीट-1 और नीट-2 के नतीजे 17 अगस्त को आएंगे, फिर काउंसलिंग कराके सीटें भरी जाएंगी।