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नहीं मिली ऑक्सीजन: इटावा सरकारी अस्ताल में बुजुर्ग ने तोड़ा दम, बेटे ने मुख्यमंत्री कार्यालय में लगाया फोन

Sat, 27 Jan 2024 10:32 PM IST
श्याम जी. न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इटावा

सार

इटावा जिला अस्पताल में एक वृद्ध की इलाज के दौरान मृत्यु हो गई। परिजनों का कहना है कि समय पर ऑक्सीजन न मिलने की वजह से मौत हुई है। 
 
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सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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इटावा जिला अस्पताल की इमरजेंसी में लाए गए एक वृद्ध की इलाज के दौरान मृत्यु हो गई। परिजनों का आरोप है कि समय पर ऑक्सीजन न मिलने की वजह से मौत हो गई। मृतक के पुत्र अमित ने बताया कि उसने मुख्यमंत्री कार्यालय में भी फोन करके शिकायत की है। 

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जानकारी के अनुसार, फ्रेंड्स कॉलोनी के यशोदा नगर निवासी अमित शनिवार दोपहर 12:12 बजे जिला अस्पताल की इमरजेंसी में लाया गया था। इमरजेंसी विभाग के डॉ. श्याम मोहन यादव और डॉ. अजय शर्मा की ओर से मरीज मोहन लाल (66) का उपचाार शुरू कराया। डॉक्टरों के अनुसार, उन्हें मोशन (शौच) नहीं आने की वजह से सबसे पहले एनीमा लगाया गया। मोशन न होने की वजह से उनका पेट फूल रहा था, इससे सांस लेने में दिक्क्त हो रही थी। इसे देखते हुए ऑक्सजीन लगा दी गई। इस बीच उपचार से करीब 12:45 पर मौत हो गई। 

डॉक्टरों के अनुसार, मरीज को सांस की पहले से दिक्कत थी और सैफई में उपचार चल रहा था। इसके कागज भी परिजनों ने दिखाए। हालांकि बेटे अमित का आरोप है कि काफी देर तक ऑक्सीजन न लगाए जाने की वजह से उसके पिता की मौत हुई है। अमित का कहना है कि उसने मुख्यमंत्री कार्यालय के नंबर पर भी सूचना दी थी। इस पर मामले को दिखवाने का आश्वासन दिया गया था। एडीएम अभिनव रंजन श्रीवास्तव ने बताया कि इस तरह के किसी भी मामले की जानकारी नहीं है। 
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मुख्यमंत्री कार्यालय से भी तक कोई मामला संज्ञान में नहीं आया है। यदि ऐसा कुछ है तो जांच कराएंगे। सीएमएस डॉ. एमएम आर्या का कहना है कि मरीज की मौत सामान्य रूप से सांस लेने में दिक्कत से हुई। ऑक्सीजन की जिला अस्पताल में कोई कमी नहीं है। सीएमओ डॉ. गीताराम ने बताया कि कोई शिकायत नहीं मिली है। जिला अस्पताल में ऑक्सीजन का पर्याप्त इंतजाम है। मुख्यमंत्री के यहां शिकायत करने का भी कोई मामला संज्ञान में नहीं है। शिकायत मिलते ही जांच कराई जाएगी।

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