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जिला अस्पताल में दिखी नर्सिंग होम के दलालों की अराजकता

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कानपुर देहात। जिला अस्पताल में एक बार फिर से नर्सिंग होम के दलालों की अराजकता सामने आई। तिगाई गांव के पास लोडर पलटने से 11 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए थे। इनमें कई घायलों को जिला अस्पताल से हैलट के लिए रेफर किया गया।
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इस पर जिला अस्पताल में मौजूद नर्सिंग होम के दलाल रेफर किए गए घायलों को अपने साथ ले गए। परिजन जिला अस्पताल पहुंचे तो वहां घायल को ढूंढने के लिए भटकते रहे। जानकारी के बाद वह नर्सिंग होम पहुंचे।
जिला अस्पतालों में नर्सिंग होम के दलालों पर शिकंजा नहीं कस पा रहा है। वहां बनाई गई अस्थाई पुलिस चौकी भी इनकी अराजकता रोकने में कामयाब नहीं हो पाई। तिंगाई गांव के पास सोमवार को लोडर पलटने से 11 लोगों के घायल होने पर ग्रामीणों ने सभी को जिला अस्पताल पहुंचा दिया था।
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यहां से अनंतपुर धौकल के महेश चंद्र व सुदामा, धीरपुर मंगलपुर के रिचपाल, झींझक निवासी राजा, गढ़ी महेरिया की शिव देवी को हैलट रेफर कर दिया गया। वहीं सूचना पर जिला अस्पताल के इमरजेंसी कक्ष में नर्सिंग होम के दलाल एकत्र हो गए। परिजनों के पहुंचने से पहले ही नबीपुर स्थित एक निजी चिकित्सालय के दलाल घायल महेश चंद्र, सुदामा व रिचपाल को जबरन नर्सिंग होम लेकर चले गए।
वहीं जिला अस्पताल के समीप स्थित एक अन्य निजी हास्पिटल के दलाल घायल राजा व शिव देवी को अपने साथ ले गए। इनके परिजन जब जिला अस्पताल पहुंचे तो वहां घायल नहीं मिले। काफी छानबीन के बाद उन्हें पता चला कि निजी नर्सिंग होम के दलाल घायलों को अपने साथ ले गए हैं। इसके बाद वह नर्सिंग होम पहुंचे।
जिला अस्पताल से घायलों को नर्सिग होम के दलाल जबरन ले गए हैं, इसकी जानकारी मिली है। मामले की जांच सीएमओ को सौंपी गई है। दलालों के साथ नर्सिंग होम संचालकों पर भी कार्रवाई होगी। वहीं लोडर में सवारियां कैसे ले जा रहे थे, इस पर एआरटीओ को कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
- जितेंद्र प्रताप सिंह, डीएम
आंगनबाड़ी कार्यकर्ता की मौत पर बिलखते रहे परिजन
कानपुर देहात। झींझक में पुराने अस्पताल के पीछे रहने वाली विनय कुमारी अनंतपुर धौकल गांव में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता थीं। वह साकार विश्वहरी सत्संग कार्यक्रम में भाग लेने अक्सर जाती थीं। सोमवार को साथियों के साथ लोडर में सवार होकर बिधनू जा रही थीं। लोडर पलटने से उनकी मौत के बाद जिला अस्पताल पहुंची बेटी कंचन व बहन रुपम बुरी तरह बिलखती रहीं।
घटना की जानकारी पर आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं में शोक की लहर दौड़ गई। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता रीता पालीवाल, नेहा शर्मा, रेखारानी गुप्ता, राधा शर्मा, विजय लक्ष्मी राजपूत, निजी सिंह, ममता, कल्पना, सर्वेश कुमारी, रेखा पाल ने झींझक में शोक सभा की। उनकी आत्मा की शांति के लिए दो मिनट का मौन रखा। (संवाद)
परिवहन विभाग की लापरवाही उजागर
जिले में अक्सर लोग लोडर में सवार होकर यात्रा करते दिख जाते हैं। तिगाई गांव पास सोमवार को लोडर पलटने की घटना के बाद सहायक संभागीय परिवहन विभाग के अफसरों व पुलिस की लापरवाही उजागर हुई। बेहिसाब लोग लोडर में सवार होकर यात्रा करते हैं इसके बाद भी जिम्मेदारों को ये दिखाई नहीं पड़ता है।
तिगाई गांव के पास पलटे लोडर में 22 लोग सवार थे। ये लोडर झींझक क्षेत्र के कई गांवों से होते ही रूरा पहुंचा। चौराहे से लेकर प्रमुख मार्ग से गुजरे इस लोडर पर किसी पुलिस कर्मी की भी नजर नहीं पड़ी। इसी तरह से अकबरपुर, नबीपुर, गजनेर व हाईवे पर सवारियों से भरे लोडर रोज नजर आते हैं। (संवाद)
लोडर में सवारियां लेकर जाने से हादसा होने की जानकारी मिली है। इस पर जांच अभियान शुरू कर दिया गया है। पांच लोडरों का चालान किया गया है। रोज अभियान चलाकर सवारियां ले जाने वाले लोडरों पर कार्रवाई की जाएगी।
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- अभिषेक कनौजिया, एआरटीओ प्रवर्तन
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