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उत्तर-मध्य रेलवे की एडवाइजरी: रेलवे संपत्तियों की सुरक्षा में सहयोग की अपील, कहा- ट्रैक के पास पतंगबाजी जैसी गतिविधियों से बचें

Fri, 06 May 2022 12:33 PM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

उत्तर मध्य रेलवे रेल संरक्षा और यात्रियों की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। इसी दिशा में रेलवे द्वारा लोगों को जागरूक करने और सहयोग के लिए एडवाइजरी जारी की गई है। 
 
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सांकेतिक तस्वीर्््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््््् - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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उत्तर-मध्य रेलवे, रेल प्रशासन मिशन 100 फीसदी विद्युतिकरण की ओर तेजी से अग्रसर है। उत्तर-मध्य रेलवे के अधिकांश रेल खंड विद्युतिकृत हो चुके हैं। ऐसे में रेलवे कर्मियों और सपंत्तियों की सुरक्षा के मद्देनजर एडवाइजरी जारी की गई है। इसमें लोगों से रेलवे ट्रैक के पास पतंगबाजी, विदेशी सामग्री फेंकने और पथराव जैसी गतिविधियों से बचने को कहा गया है। विद्युतीकृत खंड में रेलवे ट्रैक के पास इस प्रकार की गतिविधियां यात्री सुरक्षा के साथ-साथ रेल कर्मचारियों और संपत्तियों की सुरक्षा के लिए घातक हो सकती हैं। 

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रेलवे ट्रैक के पास पतंग न उड़ाएं
एडवाइजरी में कहा गया है कि रेलवे ट्रैक के पास वहां के निवासी पतंग उड़ाते हैं। ये पतंगें ट्रेन के ओएचई और पेंटोग्राफ से उलझ जाती हैं। यदि पतंग के धागे में धातु की कोई सामग्री हो इससे पतंग उड़ाने वाले व्यक्ति को करंट भी लग सकता है। साथ ही इसे ओएचई या पेंटोग्राफ से हटाते समय रेलवे कर्मचारियों को भी नुकसान हो सकता है। कभी-कभी यह ओएचई के टूटने और ट्रेन के रुकने का कारण भी बनता है।

ओएचई पर पॉलीथिन फेंकने से होती हैं समस्याएं
ओएचई पर पॉलीथिन या अन्य कोई सामग्री फेंकना समस्या का सबब बन सकता है। फुट ओवर ब्रिज और रोड ओवर ब्रिज से कई बार लोग पॉलीथिन और अन्य सामग्री को ट्रैक पर फेंक देते हैं। यह कभी-कभी ओएचई पर गिर जाती है। ये ओएचई या पेंटोग्राफ के साथ उलझ सकती है, जिससे ओएचई के टूटने और ट्रेन परिचालन के बाधित होने की संभावना बन जाती है। 

रेलवे ट्रैक के पास पथराव 
यह भी बताया गया है कि रेलवे ट्रैक के पास पथराव से कई बार लोग शरारतवश या अज्ञानतावश ओएचई इंसुलेटर को निशाना बनाते हैं। यह इंसुलेटर के टूटने का कारण बनता है और प्रमुख ओएचई ब्रेकडाउन और ट्रेन के अवरोध का कारण बनता है।
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रेलवे द्वारा आमजन से अपील की जाती है कि इस प्रकार की गतिविधियों में शामिल न हों। अपनी सुरक्षा के साथ-साथ रेलवे कर्मचारियों और रेलवे संपत्तियों की सुरक्षा करना हम सब का दायित्व है| इस प्रकार के कार्य में रेलवे विभाग का सहयोग करें। - डॉ. शिवम शर्मा, सीपीआरओ, उत्तर-मध्य रेलवे

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