मुख्तार बाबा को तीसरे मुकदमे में भी हाईकोर्ट से जमानत मिल गई है। हालांकि गैंगस्टर एक्ट के तहत दर्ज मुकदमे में जमानत न मिलने के कारण अभी उसे जेल में ही रहना पड़ेगा। नई सड़क हिंसा मामले में बेकनगंज थाने में तीन मुकदमे दर्ज किए गए थे। तीनों में मुख्तार बाबा आरोपी हैं।
कानपुर में नई सड़क पर तीन जून को हुई हिंसा के मामले में आरोपी बाबा बिरयानी के मालिक मुख्तार अहमद उर्फ मुख्तार बाबा को तीसरे मुकदमे में भी हाईकोर्ट से जमानत मिल गई है। दो मुकदमों में पहले ही जमानत मिल चुकी है। हालांकि गैंगस्टर एक्ट के तहत दर्ज मुकदमे में जमानत न मिलने के कारण अभी उसे जेल में ही रहना पड़ेगा।
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हिंसा मामले में बेकनगंज थाने में तीन मुकदमे दर्ज किए गए थे। तीनों में मुख्तार बाबा भी आरोपी है। आरोप है कि तीन जून को बुलाई गई बंदी की आड़ में मुख्तार व उसके बेटे महमूद उमर ने बिल्डर हाजी वसी व उसके मैनेजर हमजा के साथ मिलकर हिंसा फैलाकर चंद्रेश्वर हाता खाली कराने की साजिश रची थी।
हाते पर कब्जे के बाद अफजाल को एक करोड़ रुपये देने का लालच भी दिया गया था। तीनों मुकदमों में सेशन कोर्ट से जमानत अर्जी खारिज होने के बाद हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की गई थी। सबसे पहले 14 अक्तूबर को मुकदमा अपराध संख्या 43 में मुख्तार की जमानत स्वीकृत हुई इसके बाद 19 को अपराध संख्या 42 और तीन नवंबर को अपराध संख्या 44 में भी मुख्तार को हाईकोर्ट से जमानत मिल गई। उधर बेकनगंज पुलिस ने मुख्तार के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत भी कार्रवाई की थी। इस मुकदमे में जमानत मिलने के बाद ही मुख्तार जेल से बाहर आ सकेगा।