तेजस के 956 यात्रियों को मिलेगा हर्जाना
देश की पहली कारपोरेट ट्रेन तेजस एक्सप्रेस भी पांच घंटे तक लेट रही। इसके 956 यात्रियों को 250 रुपये की दर से हर्जाना दिया जाएगा। एक घंटा लेट होने पर यात्रियों को 100 रुपये और दो घंटे या उससे अधिक देरी पर 250 रुपये प्रति यात्री हर्जाना देने का नियम है। शनिवार को लखनऊ से दिल्ली जाने वाली 82501 तेजस एक्सप्रेस सवा पांच घंटे और नई दिल्ली से लखनऊ वाया कानपुर जाने वाली 82502 तेजस एक्सप्रेस साढ़े चार घंटे लेट रही।
रात में बसों के रुकने पर रैन बसेरा फुल
कोहरे की वजह से झकरकटी बस अड्डे पर 107 बसों को रोकना पड़ा। इससे बस अड्डे पर बने 30 बेड फुल रहे। इसमें 20 पुरुष और 10 महिला यात्रियों के लिए बेड हैं। इसके अलावा बाकी यात्रियों को रात में बसों कें भीतर, अलाव के आसपास गुजारनी पड़ी। 107 बसों में 45 बसें कानपुर क्षेत्र के सात डिपो थीं।