एसआईटी पिछले पांच दिनों से गोरखपुर में डेरा डाले हुए है। तमाम लोगों से पूछताछ कर साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। घटना के वक्त मनीष के दो दोस्त हरवीर सिंह व प्रदीप भी उस होटल के कमरे में मौजूद थे, जहां पर मनीष को मारा गया था।
मनीष हत्याकांड में एसआईटी उनके दोस्तों के बयान दर्ज कर रही है। दोनों दोस्तों से पूछताछ एसआईटी की सदस्य डीसीपी साउथ रवीना त्यागी कर रही हैं। मनीष के दोस्त बयां कर रहे हैं कि किस कदर उस रात गोरखपुर पुलिस के छह पुलिसकर्मियों ने मनीष गुप्ता पर बर्बरता की थी, जिसकी वजह से उनकी मौत हो गई थी।
विज्ञापन
एसआईटी पिछले पांच दिनों से गोरखपुर में डेरा डाले हुए है। तमाम लोगों से पूछताछ कर साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। घटना के वक्त मनीष के दो दोस्त हरवीर सिंह व प्रदीप भी उस होटल के कमरे में मौजूद थे, जहां पर मनीष को मारा गया था। एसआईटी ने इन दोनों को बयान दर्ज कराने के लिए कानपुर बुलाया था। बुधवार सुबह करीब 11 बजे दोनों शहर पहुंचे। डीसीपी साउथ रवीना त्यागी उनसे पूछताछ कर बयान दर्ज कर रही हैं।
सूत्रों के मुताबिक हरवीर और प्रदीप ने बताया है कि पुलिसकर्मी जबरन कमरे में घुस आए। आईडी चेक की। मनीष ने कहा कि हम आतंकवादी नहीं हैं। बस इतना सुनने के बाद से वह मनीष पर टूट पड़े थे। जमकर पीटा था, जिससे खून से लथपथ मनीष जमीन पर गिर गए थे। फिर पुलिसकर्मी वहां से मनीष को लेकर चले गए थे।
विज्ञापन
दोस्तों ने बताया कि पुलिसकर्मी उनको साथ नहीं ले गए। इसी तरह की तमाम अहम जानकारियां मनीष के दोस्त बता रहे हैं। डीसीपी मनीष की पत्नी मीनाक्षी से भी पूछताछ कर जानकारी जुटा रही हैं। उनके भी बयान दर्ज किए जा रहे हैं।