फास्ट फूड जैसे मुलायम खाद्य पदार्थ की लत से लड़कियों के दांत टेढ़े हो रहे हैं। मुलायम खाने को अधिक चबाना नहीं पड़ता, इससे जबड़े का आकार बढ़ नहीं पाता और जगह कम पड़ने पर दांत एक-दूसरे पर चढ़ जाते हैं। इसे क्राउडिंग कहते हैं। उपकरण से जबड़े को चौड़ा करने के साथ, दांतों को तार से बांध कर सीधा किया जा रहा है। लड़के फास्टफूड कम खाते हैं। इससे उनके दांत कम टेढ़े होते हैं।
जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज के दंत रोग विभाग में आए रोगियों की क्राउडिंग के अध्ययन से यह तथ्य सामने आया है। दंत रोग विभाग में महीने में औसत दो हजार रोगी आते हैं। इनमें छह सौ रोगी टेढ़े-मेढ़े दांतों की समस्या के होते हैं। इनमें 67 फीसदी लड़कियां और 33 फीसदी लड़के होते हैं। दंत रोग विभागाध्यक्ष डॉ. अशरफ उल्लाह ने बताया कि लोग बच्चियों के दांत को लेकर अधिक संवेदनशील होते हैं। इस लिए उन्हें जल्दी लाते हैं। लड़के देर से आते हैं। लेकिन यह दिक्कत बढ़ रही है। दांतों की क्राउडिंग की समस्या के साल में लगभग चार हजार रोगी आते हैं।
दांतों की क्राउडिंग के कई कारण होते हैं लेकिन मुलायम खाद्य पदार्थ और फास्ट फूड की लत ज्यादा है। क्राउडिंग के रोगियों का आयु वर्ग छह से 18 साल के बीच का है। इसके अलावा पांच से सात फीसदी बच्चे ऐसे होते हैं जिनके अंगूठा चूसने की लत की वजह से दिक्कत आ जाती है। इससे ऊपरी होंठ का हिस्सा छोटा हो जाता है और दांत बाहर की तरफ आ जाते हैं। ऐसे बच्चों के मुंह में उपकरण लगा दिया जाता है जिससे वह अंगूठा नहीं चूस पाते। लड़कों और लड़कियों दोनों में इस तरह की दिक्कत होती है।
क्राउडिंग के पांच प्रमुख कारण
- ऐसे खाद्य पदार्थों का सेवन जिन्हें अधिक चबाना न पड़े
- फास्ट फूड, जंक फूड का अधिक इस्तेमाल
- अंगूठा चूसना, होंठ और नाखून चबाना
- नाक के अंदर किसी रुकावट से मुंह खोलकर सोना
- दूध के दांतों का खराब होकर जल्दी गिरना और कुपोषण
सुझाव
- बच्चे में फूड हैबिट विकसित करें।
- रोटी चावल, फल और चबाने वाले खाद्य पदार्थ दें।
- चॉकलेट, नूडल्स आदि की लत से बचाएं।
- दिन में दो बार दांतों को साफ करने की आदत डालें।
- दांतों में दिक्कत नजर आने पर ऑर्थोडोंटिक्स को दिखाएं।