कानपुर देहात। शिवली क्षेत्र में पांच साल पहले दहेज की मांग पूरी न होने पर पत्नी की हत्या के मामले में पति को अदालत ने दस साल के कारावास की सजा सुनाई है। अर्थदंड भी लगाया। वहीं, सास व ससुर को साक्ष्यों के अभाव में अदालत ने दोषमुक्त कर दिया।
सहायक शासकीय अधिवक्ता डॉ. विजय सिंह, अजय कुमार त्रिपाठी व अवि सक्सेना ने बताया कि शिवली के बलुवा का पुरवा पाड़ेताला गांव निवासी संदीप उर्फ दीपक की पत्नी शांति उर्फ पिंकी की एक नवंबर 2017 को मौत हो गई थी।
मामले में शांति के पिता कानपुर नगर के बिधनू क्षेत्र के रमईपुर निवासी सुरेशचंद्र ने थाने में दमाद व उनके पिता बबुई उर्फ बाबूराम व मां ननखी के खिलाफ दहेज में मोटर साइकिल व सोने की चेन की मांग पूरी न होने पर बेटी की हत्या करने का आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
इसकी सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश सोनिका चौधरी की अदालत में चल रही थी। शुक्रवार को अदालत ने आरोपी पति को दोष सिद्ध होने पर दस साल कारावास की सजा सुनाई। पांच हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया है। वहीं, साक्ष्यों के अभाव में अन्य आरोपियों को दोषमुक्त कर दिया है।