कानपुर देहात। बिल्हौर के एक गांव में नाबालिग से छेड़छाड़ करने के मामले में कोर्ट ने आरोपी को दोषी पाया है। शुक्रवार को उसे चार साल के कठोर कारावास व 17 हजार अर्थदंड की सजा सुनाई गई। मामले की सुनवाई अपर जिला सत्र न्यायाधीश 13 पाक्सो एक्ट कोर्ट में चल रही थी।
बिल्हौर क्षेत्र में 16 सितंबर 2013 को घर से दवा लेने जा रही नाबालिग से रास्ते में डिग्री कॉलेज के पास गांव के युवक विनोद ने छेड़छाड़ की थी। मामले में पीड़िता के पिता की तहरीर पर आरोपी के खिलाफ छेड़छाड़, मारपीट व पॉक्सो एक्ट के तहत दर्ज की गई थी।
विवेचक ने आरोपी के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की। मामले की सुनवाई अपर जिला सत्र न्यायाधीश 13 पाक्सो एक्ट शैलेंद्र कुमार वर्मा की कोर्ट में चल रही थी। कोर्ट में सुनवाई के दौरान अभियोजन की तरफ से छह गवाह पेश किए गए।
वहीं बचाव पक्ष ने भी दो गवाह न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किए थे। विशेष लोक अभियोजन अमित सिंह चौहान व विकास कटियार ने बचाव पक्ष के दलीलों का विरोध किया।
साथ ही अदालत के समक्ष ये तथ्य रखा कि बचाव पक्ष की ओर से प्रस्तुत किए गए गवाहों के बयानों में भी विरोधाभास है, साथ ही आरोपी पर दोषसिद्ध किया। इस पर कोर्ट ने अभियुक्त को चार वर्ष का कठोर कारावास व 17 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।
विशेष लोक अभियोजक ने बताया कि अर्थदंड अदा न करने पर एक माह का अतिरिक्त कारावास काटना होगा। वहीं अर्थदंड की राशि से आधे पैसे पीड़िता को दिए जाएंगे।