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Irfan Solanki Surrender: पत्नी के छलके आंसू तो बंधाया ढांढस, बेटी से बोले- अल्लाह पर यकीन रखो, सब अच्छा होगा

Sat, 03 Dec 2022 12:23 PM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

सपा विधायक और उनके भाई रिजवान दो घंटे अदालत के कटघरे में खड़े रहे, लेकिन जमानत नहीं मिली। मामले में अभियोजन ने कहा कि दोनों प्रभावशाली व्यक्ति, जमानत मिली तो सबूत मिटा देंगे। वहीं, बचाव पक्ष का तर्क था कि राजनीतिक रंजिश में फंसाया गया है। दोनों के खिलाफ कोई ठोस सबूत नहीं मिले हैं।
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इरफान सोलंकी का सरेंडर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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सपा विधायक इरफान सोलंकी और उनके भाई रिजवान को एमपीएमएलए कोर्ट के विशेष न्यायाधीश आलोक यादव की अदालत में पेश किया गया। दोनों की ओर से दाखिल जमानत अर्जी कोर्ट ने खारिज कर दी। इसके बाद दोनों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। अदालती कार्यवाही के दौरान लगभग दो घंटे तक सपा विधायक कटघरे में ही खड़े रहे।

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वरिष्ठ अभियोजन अधिकारी बृजेश कुमार आर्या व विनोद पांडे ने कोर्ट में तर्क रखा कि इरफान और रिजवान ने षड़यंत्र के तहत जमीन कब्जाने के लिए जाजमऊ में नजीर फातिमा के घर पर आगजनी की। नजीर ने मजिस्ट्रेट को दिए बयान में भी इरफान और रिजवान द्वारा मकान खाली कराने के लिए दबाव बनाने और बात न मानने पर घर में आग लगा देने की बात कही है। दोनों के खिलाफ कई सबूत भी मिले हैं।
इस मामले में जाजमऊ थाने में दोनों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज है। घटना के बाद फरार होने के लिए इरफान ने फर्जी आधार बनाकर हवाई यात्रा की। दिल्ली से मुंबई गया। हवाई अड्डे के सीसीटीवी फुटेज में इरफान साफ दिखाई दे रहे हैं। यात्रा के लिए दूसरे के आधार का इस्तेमाल किया गया। धोखाधड़ी और फर्जी कागजात बनाने के मामले में इरफान के खिलाफ ग्वालटोली थाने में एक और मुकदमा दर्ज है। 

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विवेचना अभी जारी है। अभियुक्त प्रभावशाली व्यक्ति हैं। जमानत मिलने पर अभियुक्त सबूतों को नष्ट कर सकते हैं। वहीं इरफान और रिजवान की ओर से अधिवक्ता नरेश चंद्र त्रिपाठी ने तर्क रखा कि इरफान चार बार के विधायक हैं। इरफान और रिजवान ने कोई अपराध नहीं किया है। आगजनी की घटना के समय वह घटनास्थल से काफी दूर थे। 

आगजनी के दौरान सीसीटीवी फुटेज भी इस बात को साबित कर रहे हैं कि पटाखे की चिंगारी से मकान में आग लगी है। कोई षड्यंत्र नहीं है। वहीं फर्जी आधार कार्ड से यात्रा की बात भी झूठी है। कोई फर्जी दस्तावेज तैयार नहीं किया गया। हवाई अड्डे पर बिना फोटो की मिलान किए किसी को यात्रा की अनुमति नहीं मिलती।  पुलिस फुटेज में जिस आदमी को दिखा रही है वह मास्क लगाए है। वह इरफान नहीं है।

धोखाधड़ी मामले में मिला सिर्फ पांच दिन का रिमांड
आगजनी मामले में इरफान और रिजवान दोनों आरोपी हैं। दोनों के खिलाफ विवेचना में पुलिस के पास कई ठोस सबूत हैं। विवेचक ने अब तक की विवेचना की प्रगति के आधार पर केस डायरी भी कोर्ट में पेश की। इसके आधार पर कोर्ट ने दोनों को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेजने का आदेश दे दिया।

इरफान-रिजवान की अग्रिम जमानत अर्जी वापस
कानपुर। गिरफ्तारी से बचने के लिए इरफान और रिजवान की ओर से अग्रिम जमानत अर्जियां जिला जज की अदालत में दाखिल की गई थीं। जिस पर पांच दिसंबर को सुनवाई होनी थी। शुक्रवार को दोनों के समर्पण के बाद जिला जज की कोर्ट में अर्जी वापस ले ली गई।

पत्नी के छलके आंसू, तो बंधाया ढांढस
अदालत के कटघरे में खड़े शौहर इरफान और देवर रिजवान को देखकर इरफान की पत्नी की आंखों से आंसू छलक पड़े तो इरफान ने उन्हें ढांढस बंधाया। बच्चों के सिर पर प्यार से हाथ फेरा। उनकी आंखों के आंसू बहुत कुछ बयां कर रहे थे। इससे पूर्व बेटी को गले लगाकर विधायक फफक पड़े बोले... बेटी अल्लाह पर यकीन रखो, सब अच्छा होगा।
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सेशन कोर्ट में आज दाखिल करेंगे जमानत अर्जी
इरफान व रिजवान के अधिवक्ता नरेश चंद्र त्रिपाठी ने बताया कि निचली अदालत से दोनों की जमानत अर्जियां खारिज हो गई हैं। शनिवार को जिला जज की अदालत में जमानत अर्जी दाखिल की जाएगी जहां दोनों के पक्ष को मजबूती से कोर्ट के सामने रखा जाएगा।
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