ओंकारेश्वर सरस्वती विद्या मंदिर के गिरिराज ने प्रथम, बाल मंदिर महाराष्ट्र मंडल के गोविंद ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया। सांत्वना पुरस्कार बीएनएसडी शिक्षा निकेतन के शशि शेखर बाजपेई व बाल मंदिर महाराष्ट्र मंडल की कृतिका शुक्ला को दिया गया। निर्णायक मंडल के रूप में अर्मापुर पीजी कॉलेज के हिंदी विभाग के प्रवक्ता डॉ. राजेश कुमार सिंह व पीपीएन कॉलेज के हिंदी विभाग की प्रोफेसर डॉ. मधुर बाला यादव रहीं।
विज्ञान की पुस्तकों से हटाने होंगे अंग्रेजी शब्द
मुख्य अतिथि ने कहा कि हिंदी को बढ़ावा देने के लिए विज्ञान विषय की पुस्तकों से अंग्रेजी के शब्दों को हटाना होगा। हम सभी को प्रयास करना होगा कि विज्ञान की भाषा हिंदी बन सके। उन्होंने कहा कि अंग्रेजी भाषी होने पर रोजगार आसानी से मिल जाता है, हिंदी के लिए भी कुछ ऐसा हम सबको करना होगा।