शासन के निर्देश पर शैक्षणिक संस्थानों में रह रहे कश्मीरी मूल के छात्रों का सत्यापन किया गया। इसकी चौंकाने वाली रिपोर्ट सामने आई है। एक निजी संस्थान और आईआईटी कानपुर का छात्र लापता है। निजी संस्थान का छात्र अधिकारियों को बताकर छुट्टी पर घर गया है, जबकि आईआईटी के अधिकारियों को उसका पता नहीं।
छात्र ने 2019 में संस्थान में दाखिला लिया था और पीएचडी कर रहा है। सूत्रों के मुताबिक उसके इस तरह से लापता होने की वजह से जांच एजेंसियों की निगाह में चढ़ गया है। डॉ. शाहीन के साथ अब तक पढ़े लिखे लोगों के जुड़े होने से शक की सुई उस पर भी घूम रही है।
पुलिस के साथ जांच एजेंसियों के अधिकारियों ने संस्थान प्रशासन से शोधार्थी की डिटेल जुटाई है। आईआईटी कैंपस में जांच एजेंसी के पहुंचने से दिन भर तरह-तरह की चर्चाएं रहीं। एजेंसी के अधिकारियों ने शोधार्थी के प्रोफेसर से भी इनपुट लिए हैं। आईआईटी के निदेशक प्रो. मणींद्र अग्रवाल ने बताया कि छात्र की जानकारी जुटाई जा रही है। वह अभी बाहर है। संस्थान के अन्य फैकल्टी से जानकारी की जा रही है।