ये हुए थे ठगी के शिकार
चकेरी के हरजेंद्रर नगर निवासी महेंद्र कुमार, राकेश कुमार, एयरफोर्स कॉलोनी निवासी लेनका मनमधा कुमार, पुराना शिवली रोड निवासी आलोक सिंह, फजलगंज आरके नगर निवासी कपिल, जूही निवासी सबी जहरा, दादानगर निवासी अमन मिश्र, केपी यूनिवर्सिटी निवासी राजेंद्र प्रसाद, कल्याणपुर निवासी सुनीता, काकादेव निवासी कृष्ण कांत पाठक,किदवईनगर निवासी रमा मिश्रा, नौबस्ता निवासी आलोक कुमार, आजाद नगर निवासी रोहित कुमार, पनकी निवासी अविनाश, कृष्णानगर निवासी अंचल भाटिया, बारादेवी निवासी शशांक साहू शामिल हैं।
ऐसे बचें साइबर ठगों से
-गूगल या अन्य सर्च इंजन पर किसी कंपनी या बैंक का कस्टमर केयर नंबर न ढूंढें। इसके लिए संबंधित कंपनी या बैंक की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं।
-अपने वाॅलेट या बैंक खाते की जानकारी किसी से भी साझा न करें।
-ऑनलाइन प्लेटफार्म पर खरीदारी करते या सामान बेचते समय दूसरी पार्टी पर आंख मूंदकर विश्वास न करें। सामान को भौतिक रूप से देखने के बाद और क्रेता से व्यक्तिगत रूप से मिलकर ही भुगतान करें।
-किसी भी सोशल साइट पर कम कीमत पर सामान खरीदने का विज्ञापन देखकर लालच में न आएं। विश्वसनीय साइट से ही ऑनलाइन सामान खरीदें। सामान आर्डर करते समय कैश ऑन डिलीवरी का विकल्प इस्तेमाल करना बेहतर है।
-किसी अंजान व्यक्ति के बहकावे में आकर एनी डेस्क, क्विक सपोर्ट आदि रिमोट एक्सेस एप डाउनलोड न करें और न ही किसी लिंक पर क्लिक करें।