गंगा बैराज के पास खो जाने की जानकारी दी
अमितेश घर से गया, लेकिन लौटा नहीं। अगले दिन उसका भाई अभिषेक नैना के घर पहुंचा तो वहां अमितेश के साथ समीर, नंदिनी और तीन अन्य लोग मौजूद थे। आरोप है कि समीर ने अभिषेक से कहा कि वे अमितेश को साथ ले जा रहे हैं। बाद में घर छोड़ देंगे। 30 अगस्त की शाम करीब 4:30 बजे समीर ने अभिषेक को फोन कर अमितेश के गंगा बैराज के पास खो जाने की जानकारी दी।
अपहरण कर हत्या की आशंका जताई
अभिषेक अपने दोस्त विकास के साथ वहां पहुंचा, तो समीर और नंदिनी मिले। समीर उसे नवाबगंज थाने ले गया और अपनी लिखावट में गुमशुदगी की तहरीर तैयार कराकर अभिषेक से हस्ताक्षर करवा लिए। उसी दिन शाम करीब पांच बजे नैना ने अभिषेक को अमितेश का टूटा हुआ मोबाइल लौटाया। वहीं, समीर ने अमितेश का पर्स दिया था। उसमें एटीएम कार्ड, पैन कार्ड और 3600 रुपये थे। इन परिस्थितियों के आधार पर मां ने अमितेश का अपहरण कर हत्या की आशंका जताई। नवाबगंज थाना प्रभारी चंद्रशेखर ने बताया कि प्राथमिकी दर्जकर जांच की जा रही है।