दीपावली की छुट्टी पर आया था गोरवा
दोनों मृतक आपस में रिश्तेदार थे। गोरवा पुणे में एंबुलेंस चलाता था। वह दीपावली पर गांव आया था। चार भाइयों में बड़ा था। वही परिवार का भरण-पोषण करता था। इस घटना के बाद से मां शकुंतला का रो रोकर बुरा हाल है। उधर दूसरा मृतक रामकुशल मजदूरी कर परिवार का भरण पोषण करता था। उसके चार पुत्रियां और एक पुत्र हैं। पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल है।